सार
एसएन मेडिकल कॉलेज में तीमारदारों को परेशानी उठानी पड़ रही है। कहीं वार्ड ब्वॉय नहीं मिल रहे हैं, तो कहीं स्ट्रेचर की कमी से मरीज और तीमारदार जूझ रहे हैं। इन मामलों को अमर उजाला ने प्रमुखता से उठाया है।
उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने मामले का लिया संज्ञान
- फोटो : अमर उजाला
आगरा के एसएन मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में अपनी बीमार मां को गोद में लेकर जाती बेटी और अपने भाई को गोद में उठाकर लेकर जाते तीमारदार के मामले का उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने संज्ञान लिया है। उन्होंने प्राचार्य से तीन दिन में जांच रिपोर्ट तलब की है।
अमर उजाला में शुक्रवार को बीमार मां को तपती धूप में गोद में लेकर जाते हुए बेटी की फोटो, वहीं दूसरे मामले में एक युवक की अपने बीमार भाई को गोद में लादकर ले जाते हुए फोटो छपी थी। इनको व्हीलचेयर और स्ट्रेचर नहीं मिले थे। वार्ड ब्वाय भी मौके पर नहीं थे।
इस अव्यवस्था पर उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने एसएन के प्राचार्य को खुद जांच करते हुए जिम्मेदारी तय करते हुए कार्रवाई के लिए निर्देशित किया है। तीन दिन में प्राचार्य से इसकी रिपोर्ट भी मांगी है। प्राचार्य डॉ. प्रशांत गुप्ता ने बताया कि इसकी जांच शुरू कर दी है।