कासगंज के नगला सैयद में रोती बिलखती मृतक अल्ताफ की मां व अन्य परिवारीजन ।
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कासगंज। मंगलवार की रात पोस्टमार्टम के बाद मृतक का शव गांव नगला सैय्यद पहुंचते ही परिजनों में चीत्कार मच गया। रात में ही बढ़ी संख्या में गांव के लोग मृतक के घर पहुंचे। गांव में शोक का माहौल था, बुधवार को मृतक के शव का अंतिम संस्कार कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच किया गया। इसके मद्देनजर गांव से लेकर कब्रिस्तान तक जगह-जगह पुलिस तैनात की गई।
परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल था। मां फातिमा सदमे में थी। शव पहुंचने के बाद गांव में संवेदनशीलता बढ़ गई। क्योंकि बड़ी संख्या में लोग एकत्र थे। ऐसे में शांति व्यवस्था के उद्देश्य से पुलिस तैनात की गई। रात में ही पुलिस के अफसर परिजनों को सांत्वना देने पहुंचे। बुधवार दोपहर अंतिम संस्कार बिलराम गेट स्थिति कब्रिस्तान में किया गया। यहां पुलिस पीएसी बल के साथ अफसर भी मौजूद रहे। युवक की मौत की घटना को लेकर बेहद संवेदनशीलता रही। इसके मद्देनजर पुलिस प्रशासन को सतर्कता बरतनी पड़ी। एसडीएम पंकज कुमार, सीओ दीप कुमार पंत के अलावा एटा, अलीगढ़, हाथरस के पुलिस अफसर मौजूद रहे।
अंतिम संस्कार के समय बढ़ने के साथ बढ़ी चिंता
मृतक के अंतिम संस्कार का समय बुधवार की सुबह दस बजे निर्धारित था, लेकिन परिजनों ने अफसरों को बताया कि उनके रिश्तेदार भी आ रहे हैं, उन्हें आने में देर लगेगी। इस पर अंतिम संस्कार का समय बढ़ता ही जा रहा था। इधर, भीड़ भी बढ़ रही थी तो अफसरों की चिंताएं भी बढ़ने लगी। हालांकि शांति व्यवस्था बनी रही और अंतिम संस्कार हो गया।