उत्तर प्रदेश के मैनपुरी जिले में एक पिता ने अपने जवान बेटे की गोली मारकर हत्या कर दी थी। इसके बाद वो खुद ही थाने पहुंचा और बताया कि बेटे का कत्ल करके आया है, उसे गिरफ्तार कर लो। कातिल पिता को पुलिस ने गिरफ्तार करने के बाद जेल भेजा है।
जेल भेजा गया आरोपी
मैनपुरी में बेटे की हत्या करने के बाद न तो कोई मलाल और न हीं चेहरे पर कोई सिकन दिखाई दी। बृहस्पतिवार को मेडिकल कराने के बाद हत्यारोपी विजय पाल विजयी अंदाज में जेल के लिए रवाना हुआ। बुधवार को आरोपी ने पुत्र की गोली मारकर हत्या कर दी थी। मृतक की पत्नी ने ससुर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। वहीं पिता ने इस बात का भी खुलासा किया कि उसने बेटे को क्यों मार दिया।
ये है घटना
कस्बा औंछा निवासी राजीव यादव की बुधवार की सुबह पिता विजय पाल ने रास्ते के विवाद को लेकर राइफल से गोली मारकर हत्या कर दी थी। वारदात अंजाम देने के बाद राइफल के साथ थाने पहुंच गया था। जिसे पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था। बृहस्पतिवार को मृतक राजीव की पत्नी रूबी यादव ने ससुर विजय पाल के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया। उधर पुलिस आरोपी विजय पाल का चालान करने के बाद मेडिकल कराने के लिए जिला अस्पताल लेकर पहुंची। इस दौरान आरोपी के चेहरे पर कोई सिकन नजर नहीं आई। सामान्य चेहरे और विजयी अंदाज में मेडिकल कराने के बाद जेल चला गया।
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ये बोला आरोपी पिता
पिता विजय पाल ने बताया कि पिछले 10 सालों से राजीव की प्रताड़ना झेल रहा था। बेटे ने कई बार कुल्हाड़ी से उस पर हमला करने का प्रयास किया। घटना वाले दिन भी राजीव उस पर कुल्हाड़ी लेकर दौड़ा था, जिसके बाद उन्होंने रायफल से उसे गोली मार दी। बताया कि यदि वे राजीव को नहीं मारते, तो वो उन्हें मार देता।
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गमगीन माहौल में किया गया अंतिम संस्कार
विजय पाल ने अपने उस बेटे की गोली मारकर हत्या कर दी। जो बेटा उनके हर काम में हमेशा साथ खड़ा नजर आता था। बृहस्पतिवार को राजीव का अंतिम संस्कार मां के समाधी स्थल के पास उसके खेत में किया गया। इस दौरान रिश्तेदार, परिचित आदि लोगों की भीड़ देखी गई। हर कोई राजीव के स्वभाव की तारीफ करता नजर आ रहा था। स्थानीय लोग कह रहे थे कि विजय पाल ने जो कुछ भी किया। उसकी सजा तो कानून उसे देगा ही। लेकिन जिस तरह दिव्यांग पुत्र की हत्या कर उसके दो बच्चों के सिर से कम उम्र में पिता का साया छीना है। उसके लिए परिवार और राजीव को जानने वाले लोग उसे कभी माफ नहीं करेंगे।