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मथुरा में तेजी से बढ़ रहा कोरोना का ग्राफ, 22 नए मरीज मिले, आंकड़ा 615 पर पहुंचा

Tue, 21 Jul 2020 12:03 AM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मथुरा

सार

  • डीग गेट चौकी पर तैनात सिपाही और वेटरनरी विश्वविद्यालय का कर्मचारी भी संक्रमित मिला
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coronavirus demo - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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मथुरा जनपद में कोरोना संक्रमण का ग्राफ अब तेजी से बढ़ रहा है। सोमवार को 22 नए संक्रमित मरीज मिले। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार जनपद में कोरोना संक्रमित मरीजों की संख्या बढ़कर 615 हो गई है। रिपोर्ट के अनुसार नंगद गांव निवासी 31 वर्षीय युवक, उसफार निवासी 40 वर्षीय व्यक्ति की कोरोना पॉजिटिव निकला है। 

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तैयापुर की रहने वाली 45 वर्षीय महिला, गाली पातीरात निवासी 58 वर्षीय व्यक्ति भी कोरोना संक्रमित मिला है। महावीर नगर निवासी 70 वर्षीय वृद्ध महिला, डीगगेट चौकी पर तैनात 32 वर्षीय पुलिसकर्मी भी कोरोना संक्रमित निकला। भैंस बहोरा के महावीर नगर निवासी 32 वर्षीय, कृष्णा नगर में 31 वर्षीय युवक की कोरोना संक्रमण की पुष्टि हुई है। वहीं वेटरनरी विश्वविद्यालय का 45 वर्षीय कर्मचारी भी संक्रमित हुआ है।

 
आंबेडकर नगर जमुना नगर निवासी 39 वर्षीय, बालाजीपुरम में 39 वर्षीय व्यक्ति की भी कोरोना पॉजिटिव रिपोर्ट आई है। लक्ष्मीनगर की तिवारीपुरम में 80 वर्षीय वृद्धा, निजी अस्पताल में भर्ती वृंदावन के चैतन्य विहार निवासी 53 वर्षीय व्यक्ति की भी कोरोना संक्रमण की पुष्टि हुई है। कोसीकलां के धनौटा निवासी 25 वर्षीय युवक, वहीं मंशापुरी निवासी 40 वर्षीय व्यक्ति, 78 व 78 वर्षीय दो वृद्ध महिलाओं की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। 
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गोवर्धन रोड एक अपार्टमेंट निवासी 65 वर्षीय वृद्ध भी संक्रमित निकली है। शाम को आई रिपोर्ट में कृष्णा नगर कॉलोनी की 19 वर्षीय किशोरी भी कोरोना संक्रमित मिली है। निजी लैब से आई रिपोर्ट में राधानगर की 43 वर्षीय व्यक्ति, राधापुरम निवासी 66 वर्षीय महिला और वृंदावन के आमेक्स सिटी निवासी 33 वर्षीय महिला की भी रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। 

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एंबुलेंस चालक हुए बेहोश

उमस भरी गर्मी में कोरोना वायरस संक्रमण के कारण जहां जिलेभर में डॉक्टर, पैरामेडिकल स्टॉफ और कर्मचारी संक्रमण से लोगों को बचाने के लिए डटे हैं। उन्हें अब इस गर्मी के कारण संक्रमण से खुद को सुरक्षित रखने वाले संसाधन से भी दो-चार होना पड़ रहा है। 

पर्सनल प्रोटेक्शन इक्वीपमेंट (पीपीई किट) पहनकर लगातार कई घंटों काम करने से डिहाईड्रेशन की शिकायत हो रही है। किट पहनने के बाद डॉक्टर, स्टाफ और एंबुलेंस चालक पानी तक नहीं पी पा रहे हैं। बगैर पानी के काम करने से दिक्कत हो रही है। पिछले दो दिन में ऐसे ही एंबुलेंस चालकों की तबियत बिगड़ गई। 

एंबुलेंस चालकों ने पीपीई किट पहनी हुई थी और गर्मी के कारण उन्हें चक्कर आकर जमीन पर गिर गए तथा बेहोश हो गए। बताया जाता है कि रविवार को चिकित्सीय टीम के सदस्य वृंदावन रोड पर जयसिंहपुरा में मिले कोरोना पॉजिटिव मरीज को लेने पहुंचे तभी गर्मी और उमस के कारण चालक की तबियत बिगड़ गई। ऐसे ही सोमवार को जैंत गांव में भी इसी प्रकार की घटना हुई। 
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