उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद जिले के अंतर्गत टूंडला जंक्शन से राजकीय रेलवे पुलिस (जीआरपी) द्वारा सात सौ कारतूस पकड़े जाने के बाद तस्करों के नेटवर्क और सरगनाओं की तलाश में जुटी है। जीआरपी ने अमरोहा के हसनपुर से कारतूस सप्लायर गन हाउस स्वामी के पुत्र को गिरफ्तार कर लिया है। देरसायं पुलिस उस सहित दो को टूंडला ले आई। मुजफ्फरपुर व शिकोहाबाद में सरगनाओं की तलाश में पुलिस डेरा डाले हुए है।
टूंडला जंक्शन पर राजकीय रेलवे पुलिस ने 700 कारतूसों के साथ फिरोजाबाद के थाना लाइनपार अंतर्गत दतौजी निवासी सगे भाई शादाब व सुल्तान को गिरफ्तार किया था। दोनों ने पूछताछ में कारतूसों की तस्करी को स्वीकार किया था। इसमें शिकोहाबाद निवासी अरशद, अमरोहा के हसनपुर मोहल्ला कायस्थान निवासी प्रतीक सक्सेना व मुजफ्फरपुर के बहरिया बस स्टैंड निवासी विक्की का नाम बताया। प्रतीक के पिता की वहां हरदयाल एंड संस के नाम से गन हाउस की दुकान है।
अरशद द्वारा अहरोहा के गन हाउस स्वामी सुशीलचन्द्र सक्सेना के पुत्र प्रतीक सक्सेना से कारतूस खरीदकर सप्लायरों तक पहुंचाते थे। जीआरपी देर रात्रि प्रतीक सहित दो लोगों को अमरोहा पुलिस की मदद से गिरफ्तार कर ले आई। पुलिस उसके संपर्क तलाश रही है। सप्लायर बिहार के साथ ही दिल्ली व अन्य प्रांतों में भी कारतूसों की सप्लाई करते थे। उस नेटवर्क की तलाश की जा रही है। इधर हसनपुर थाना प्रभारी पीके चौहान ने बताया कि प्रतीक दुकान से ही कारतूस निकालकर सप्लाई करता था। स्टाक का मिलान कराया जा रहा है।
25 हजार का इनाम घोषित
आरोपी प्रतीक सक्सेना पर 25 हजार का इनाम घोषित किया गया है। एसपी रेलवे मोहम्मद मुश्ताक ने कारतूस सप्लायर आरोपी प्रतीक पर 25 हजार का इनाम घोषित किया है। पूछताछ के बाद अभी और शातिरों के नाम आने हैं। पुलिस शिकोहाबाद के फरार अरशद पर भी इनाम घोषित कर सकती है।
ये कहना है इंस्पेक्टर का
टूंडला जीआरपी इंस्पेक्टर योगेंद्र सिंह का कहना है कि टीम कारतूस सप्लायर प्रतीक सक्सेना को अमरोहा से लेकर आ रही है। कारतूस कांड से जुड़े अन्य की तलाश की जा रही है। कारतूस कहां-कहां सप्लाई किए जाते थे, कहां-कहां से सप्लाई मिलती थी की जानकारी की जाएगी।