आगरा में डीएपी खाद की कालाबाजारी के दो वीडियो वायरल हुए हैं। वायरल वीडियो में डीएपी का कट्टा 1,700 रुपये में बेचा जा रहा है। दूसरे वीडियो में विक्रेता भंडारण होने पर भी किसानों को खाद नहीं दे रहा है। इन वीडियो के आधार पर किसान नेताओं ने कृषि विभाग के अधिकारियों पर मिलीभगत से खाद की कालाबाजारी का आरोप लगाया है।
किसान नेता श्याम सिंह चाहर ने बताया कि उनके पास जगनेर और राजाखेड़ा रोड स्थित दुकान के दो वीडियो आए हैं। यह किन्हीं किसानों ने खाद की कालाबाजारी करने पर बनाए गए हैं। इसमें विक्रेता 1,700 रुपये प्रति कट्टा मांग रहा है जबकि इसकी कीमत 1,210 रुपये है।
दूसरा वीडियो रात का है, जिसमें रैक उतरने के बाद विक्रेता दुकान में डीएपी का भंडार किए हुए हैं और किसानों को नहीं दे रहा। वाहन में लादकर कहीं और भेज रहा है। किसान उसे खाद मांगता है तो फटकार देता है। इसकी शिकायत करने के लिए जब कृषि अधिकारी को फोन लगाया तो उन्होंने उठाया नहीं।
उन्होंने आरोप लगाया कि कृषि विभाग की मिलीभगत से ही खाद की कालाबाजारी हो रही है। कालाबाजारी करने वालों पर कार्रवाई कर दुकान का लाइसेंस निरस्त नहीं किया तो कृषि विभाग कार्यालय पर धरना दिया जाएगा। जिला कृषि अधिकरी विनोद सिंह का कहना है कि वीडियो में जिन दुकानों के नाम सामने आए हैं, उनकी जांच कराई जाएगी।