आगरा एसएन मेडिकल कॉलेज में रविवार को ब्लैक फंगस के एक और मरीज का ऑपरेशन किया गया। उसकी गाल की हड्डी से फंगस हटाई गई। कुल दो ऑपरेशन प्रस्तावित थे। दूसरे मरीज की मधुमेह नियंत्रित नहीं हो सकी। इससे उसका ऑपरेशन टाल दिया गया। कोई नया मरीज भर्ती नहीं हुआ।
ब्लैक फंगस वार्ड के प्रभारी और ईएनटी रोग विशेषज्ञ डॉ. अखिल प्रताप ने बताया कि ब्लैक फंगस के एक मरीज की गाल की हड्डी की सफाई की गई। उसका ऑपरेशन पहले बाहर कहीं हुआ था। मरीज को देखने पर लगा कि अभी फंगस का कुछ हिस्सा गाल की हड्डी पर रह गया है, उसकी सफाई कर दी गई। वहीं, एक और मरीज का ऑपरेशन होना था, उसका शुगर 500 से ऊपर था, शुगर नियंत्रित न होने की वजह से ऑपरेशन टालना पड़ा। अब तक एसएन मेडिकल कॉलेज में ब्लैक फंगस के कुल 22 मरीजों का ऑपरेशन हो चुका है।
युवक की सांस लेने की नली को जोड़ा गया
एसएन मेडिकल कॉलेज के ईएनटी विभाग में रविवार को डॉ. अखिल प्रताप ने एक गैर ब्लैक फंगस वाले मरीज का ऑपरेशन किया। जिले के ही 18 वर्ष के युवक की सांस की नली को ऑपरेशन करके जोड़ा गया। सड़क दुर्घटना में सांस की नली टूट गई थी। करीब दस दिन पहले दुर्घटना हुई थी। आसपास कहीं इलाज कराया था। दो दिन से उसे सांस लेने में तकलीफ होने पर परिजन शनिवार को एसएन मेडिकल कॉलेज लेकर पहुंचे। उसका सीटी स्कैन कराया गया। रविवार को ऑपरेशन कर सांस की नली जोड़ी गई। डॉ. अखिल प्रताप ने बताया कि मरीज की हालत में सुधार के बारे में एक हफ्ते बाद ही पता चल पाएगा।
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