वृंदावन में महामंडलेश्वर स्वामी इंद्रदेव महाराज द्वारा रामलीला मंचन के कलाकारों पर की गई अमर्यादित टिप्पणी के विवाद का सोमवार को पटाक्षेप हो गया। इससे पूर्व संतों ने बैठक की। इसमें कहा गया कि महामंडलेश्वर ने माफी मांग ली है। मामले और तूल न दिया जाए। कथा प्रवक्ता से भी मर्यादित भाषा में प्रवचन करने की बात कही है।
परिक्रमा मार्ग स्थित वीआईपी पार्किंग के समीप आश्रम में आयोजित संत समाज और रासलीला परिकर की बैठक में विभिन्न बिंदुओं पर चर्चा हुई। चर्चा के बाद सामूहिक रूप से निर्णय लिया गया कि महामंडलेश्वर स्वामी इंद्रदेव महाराज या अन्य कथा प्रवक्ताओं ने कथा मंच से भगवान की महिमा और सनातन संस्कृति का प्रचार करते समय कई बार संयमित भाषा का परिचय नहीं दिया जाता है, लेकिन सामाजिक रूप से मानवीय भूल पर क्षमायाचना करना सच्चा अपराध बोध है।
इस प्रकरण में स्वामी इंद्रदेव महाराज द्वारा पूर्व में ही अपनी गलती स्वीकार करते हुए खेद व्यक्त किया है। ऐसे में इस विवाद को अधिक तूल न देकर पटाक्षेप करना चाहिए। इस मौके पर स्वामी देवकी नंदन स्वामी, श्रीचंद स्वामी, शिव दयाल स्वामी, वेद प्रकाश स्वामी, जगदीश ठाकुर, गोकुल स्वामी, घनश्याम, स्वामी राजकुमार, स्वामी शिवराज, दामोदर स्वामी, स्वामी हीरालाल आदि मौजूद थे।