अगर आप पढ़ाई में अच्छे हैं लेकिन आर्थिक परेशानी के चलते आगे की पढ़ाई करने में असमर्थ हैं, तो घबराए नहीं। आप जैसे होनहारों के लिए अमर उजाला फाउंडेशन लेकर आया है आशा की किरण। वह है, अतुल माहेश्वरी छात्तवृत्ति।
अगर आपने अभी तक फार्म नहीं भरा है तो जल्द भरें। इस वर्ष अतुल माहेश्वरी छात्रवृत्ति परीक्षा 2019 की फॉर्म भरने की अंतिम तिथि 31 अगस्त है। फॉर्म में मांगी गई सभी जानकारियां देना अनिवार्य होगा।
लिखित परीक्षा विभिन्न शहरों में निर्धारित परीक्षा केंद्रों पर होगी। फॉर्म भरते समय लिखित परीक्षा के लिए विद्यार्थी अपनी सुविधा के अऩुसार शहर का चयन कर सकेंगे। इसके लिए 52 शहरों का विकल्प फॉर्म में दिया गया है।
ये विद्यार्थी दे सकते हैं परीक्षा
प्रादेशिक शिक्षा बोर्ड से नौवीं से 12वीं कक्षा के बीच पढ़ने वाले विद्यार्थी ही इस वर्ष की छात्रवृत्ति परीक्षा में हिस्सा ले सकते हैं। विद्यार्थी का पिछली वार्षिक परीक्षा में न्यूनतम 60 फीसद अंक होना अनिवार्य है। आवेदक के परिवार की आर्थिक आय डेढ़ लाख रुपये से कम होनी चाहिए। आवेदन केवल ऑनलाइन ही किए जा सकेंगे।
पिछली बार की तरह ही इस बार नौवीं और दसवीं के प्रादेशिक बोर्ड के विद्यार्थियों के लिए 30-30 हजार रुपये की 18 छात्रवृत्तियां और 11वीं और 12वीं के विद्यार्थियों के लिए 50-50 हजार रुपये की 18 छात्रवृत्तियां दी जाएंगी।
इन्हें मिली छात्रवृत्ति
अतुल माहेश्वरी छात्रवृत्ति पा रहे अनुज सहारिया इंटरमीडिएट पढ़ाई के साथ ही अब आईपीएस बनने का सपना देखने लगे गए हैं। छात्रवृत्ति के रूप में मिल रही आर्थिक मदद सहयोगी बनी हुई है। किसान योगेंद्र कुमार के पुत्र अनुज सहारिया उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद की हाईस्कूल परीक्षा में 83.67 प्रतिशत अंक हासिल किए थे। वो प्रतिदिन 14 घंटे पढ़ने में लगाते हैं।
छात्रवृत्ति सिर्फ धनराशि नहीं, बल्कि मेरे लिए भविष्य में उड़ाने भरने का हौसला है। यह बात अतुल माहेश्वरी छात्रवृत्ति हासिल करने वाले छात्र आलोक यादव ने कही। वर्ष 2018 में छात्रवृत्ति परीक्षा उत्तीर्ण करने वाले आलोक को अतुल माहेश्वरी छात्रवृत्ति में 50 हजार रुपये के चेक के साथ तत्कालीन रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमन ने सम्मानित किया था।
आलोक के पिता सावंत सिंह चूड़ी गोदाम में मजदूरी करते हैं। आलोक ने बताया कि छात्रवृत्ति से मिली धनराशि से मैंने इंटरमीडिएट की फीस जमा कर दी और किताबें खरीद लीं। शेष धनराशि को भविष्य के लिए रख लिया।