अखिलेश ने मथुरा की दोनों ही विधानसभा में खूब जोर लगाया। अन्य तीनों सीटें गोवर्धन, छाता और बलदेव से रालोद के प्रत्याशी लड़े थे, लेकिन पांचों सीटों पर ही सपा रालोद गठबंधन को हार का ही सामना करना पड़ा।
सपने में भी आए थे भगवान श्रीकृष्ण
इस विधानसभा चुनाव में अखिलेश यादव के सपने की चर्चा बहुत हुई। उन्होंने कहा था कि उनके सपने में आए थे और समाजवादी पार्टी की सरकार बनने की बात कही लेकिन श्रीकृष्ण की नगरी में उन्हें एक बार फिर निराशा ही हाथ लगी है।