अवैध चैंबर तोड़े जाने के आदेश के विरोध में शुक्रवार को भी दीवानी में अधिवक्ताओं ने न्यायिक कार्य नहीं किया। प्रदर्शन करके मांग की कि पहले अधिवक्ताओं के लिए पक्के चैंबर बनाए जाएं, बाद में उनके चैंबरों को तोड़ने की कार्रवाई की जाए। इस दौरान पोस्टर भी लगाए गए। वहीं विभिन्न बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने बैठक भी की। सोमवार को संघर्ष की रूपरेखा तय की जाएगी।
युवा अधिवक्ता संघ आगरा मंडल, आगरा एडवोकेट्स एसोसिएशन, जनपद बार एसोसिएशन, अधिवक्ता सहयोग समिति के पदाधिकारी और सदस्यों ने सुबह प्रभात फेरी निकाली। इसके बाद जिला जज के कार्यालय के बाहर पहुंचे। मंडल अध्यक्ष नितिन वर्मा ने बताया कि इस दौरान नारेबाजी की गई। नोडल अफसर को न्याय प्रशासन के नाम पर ज्ञापन भी दिया गया। इसमें कहा कि दीवानी परिसर में अधिवक्ताओं के लिए पक्के चैंबर बनाए जाएं। इसके बाद अवैध चैंबर तोड़े जाएं। पार्किंग में जगह भी खाली पड़ी है। इसका प्रयोग किया जाए। इसके बाद परिसर में पोस्टर भी लगाए गए। इसमें लिखा था कि वकीलों को न्याय दो, वकीलों को बैठने के लिए पक्के चैंबर दो। इस संबंध में उत्तर प्रदेश के विधि एवं न्याय मंत्री बृजेश पाठक से युवा अधिवक्ता संघ का प्रतिनिधिमंडल जल्द मिलने जाएंगे। इसमें अधिवक्ताओं की समस्याओं को रखा जाएगा।
इस प्रदर्शन में वरिष्ठ अधिवक्ता सुनील शर्मा, गजेंद्र शर्मा बाबा, उमेश कुमार वर्मा, कृष्ण मुरारी माहेश्वरी, मंजू द्विवेदी, सुरेंद्र लाखन, संत कुमार, अजयदीप सिंह, रविंद्र लवानिया, आशिफ खान, मनोज गुर्जर, योगेश लवानिया, महान मुदगल, गौरव शर्मा, कृपाल सिंह वर्मा आदि मौजूद रहे।
संघर्ष की रूपरेखा तय करेंगे अधिवक्ता
शुक्रवार दोपहर को बार एसोसिएशनों के पदाधिकारी और सदस्यों की एक बैठक अधिवक्ता दुर्ग विजय सिंह भैया के कार्यालय पर की गई। इसमें कहा कि अधिवक्ताओं के चैंबर बिना चिह्नित किए हुए तथाकथित रूप से अवैध घोषित किए गए और तोड़े गए तो अधिवक्ता आंदोलन करेंगे। उत्तर प्रदेश बार कौंसिल एवं बार कौंसिल आफ इंडिया से भी समर्थन मांगा जाएगा। सोमवार को दोपहर 12 बजे हड़ताल पर रहते हुए आमसभा की जाएगी। इसमें संघर्ष की रूपरेखा तय करेंगे। इस दौरान अशोक भारद्वाज, रामप्रकाश शर्मा, रमेश चंद्रा, वीरेंद्र फौजदार, सुरेश कुशवाहा, चौधरी अजय सिंह, लाल बहादुर राजपूत, अरुण पचौरी, अमीर अहमद, सुरेंद्र सिंह पप्पू, हेमंत भारद्वाज आदि मौजूद रहे।
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