फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आगरा: अधिवक्ता के पिता की गोली मारकर हत्या से सनसनी, परिवार में मचा कोहराम

Tue, 02 Nov 2021 09:31 PM IST
Abhishek Saxena अमर उजाला ब्यूरो, आगरा

सार

सरेसायं हुई घटना के बाद क्षेत्र में दहशत फैल गई। मौके पर पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी पहुंचे और उन्होंने हालात की जानकारी ली। घायल को एसएन की इमरजेंसी में ले जाया गया। जहां उनकी मौत हो गई। 
विज्ञापन
आगरा: मौके पर पहुंची पुलिस और अन्य लोग - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

आगरा में शाहगंज के भरे बाजार में अधिवक्ता महान मुद्गल के पिता रामबहादुर मुद्गल की हत्या की वारदात के बाद परिजनों और अधिवक्ताओं ने पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाया। उनका कहना था कि उन्होंने पहले से ही हत्या की आशंका जाहिर कर दी थी। पुलिस से शिकायत की, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। 

विज्ञापन

महान मुद्गल ने बताया था कि उनका अपने रिश्तेदार शिवांशु मुद्गल से विवाद चल रहा है। वह उनकी प्रॉपर्टी पर कब्जा करना चाहता है। इसमें उसका साथ कुछ दबंग लोग दे रहे हैं। दस दिन पहले एक हलवाई के साथ मारपीट की थी। इस पर उन्होंने विरोध किया। तब आरोपियों ने धमकी दी कि दिवाली नहीं मनाने देंगे। इस पर उन्होंने थाना में तहरीर दी। दूसरे पक्ष ने भी तहरीर दे दी। घटना का वीडियो भी था। मगर, पुलिस ने वीडियो को नजरअंदाज कर दिया। तहरीर पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। 
परिजनों ने आरोप लगाया कि इस संबंध में पुलिस अधिकारियों को शिकायती पत्र दिया। उनसे कहा कि उनके परिवार के साथ कोई घटना हो सकती है। मगर, उनकी शिकायत पर कार्रवाई नहीं हुई। पुलिस ने इसे परिवार और अधिवक्ताओं का विवाद बताया गया। पुलिस की लापरवाही से यह वारदात हो गई। हमलावरों में शिवांशु मुद्गल और प्रशांत पचौरी शामिल थे। 
विज्ञापन

मंगलवार रात को एसएन मेडिकल कॉलेज पर पहुंचे अधिवक्ताओं में पुलिस के प्रति आक्रोश था। उन्होंने आरोप लगाया कि दूसरे पक्ष मुकदमे लिखा रहा था। मगर, पुलिस सिर्फ अधिवक्ता परिवार का विवाद बताकर शांत बैठ जाती थी। सोमवार की दोपहर को दीवानी में विवाद हुआ था। शाम को हत्या कर दी गई। 



आगरा: कश्मीरी छात्रों का केस लड़ेंगे अधिवक्ता, राजद्रोह के आरोप में जिला जेल में हैं निरुद्ध

विज्ञापन

बस्ते पर बैठने को लेकर विवाद में लिखाया था मुकदमा 
परिजनों ने बताया कि रामबहादुर मुद्गल का विवाद अपने चचेरे भाई के पक्ष से चल रहा था। उनमें भोगीपुरा स्थित एक मार्केट को लेकर विवाद है। दीवानी में बस्ते पर बैठने को लेकर भी विवाद हो चुका है। इस पर थाना न्यू आगरा में मुकदमा दर्ज कराया गया था। इसके बाद कई और मुकदमे लिखाए गए। पिछले दिनों तत्कालीन आईजी नवीन अरोड़ा से महान मुद्गल ने मुलाकात की थी। उनके प्रार्थनापत्र पर उचित कार्रवाई के लिए लिखा था। प्रार्थनापत्र में हमले की आशंका जाहिर की गई थी। उन्होंने मामला गंभीर माना था। इस बीच आईजी का तबादला हो गया। 

शाहगंज के बदमाशों के आ रहे नाम 
पीड़ित परिवार ने हत्याकांड के मामले में शाहगंज के पुराने बदमाशों के गैंग के सदस्यों के नाम लिए हैं। हालांकि देर रात तक तहरीर नहीं दी गई थी। पुलिस का कहना था कि जो भी तहरीर होगी, उस पर मुकदमा दर्ज करके विवेचना की जाएगी।
आगरा: कश्मीरी छात्रों का केस लड़ेंगे अधिवक्ता, राजद्रोह के आरोप में जिला जेल में हैं निरुद्ध
 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें