बुधवार को ढलते हुए सूरज की लालिमा लिए ताजमहल को एकटक निहारने में जब सैलानी व्यस्त थे तो एकाएक एनडीआरएफ के बचाव दल ने मीनारों, दीवारों से रस्सी बांधकर स्ट्रेचर से लोगों को नीचे उतारना शुरू किया। कुछ जवान दौड़े और लोगों को पीठ पर लेक र चले तो पर्यटकों में दहशत फैल गई।
एक ही सवाल उठा कि आखिर क्या हो गया। चंद पलों में ही पता चल गया कि भूकंप और आग से बचाव के लिए एनडीआरएफ की यह मॉकड्रिल है। 45 मिनट तक चले मॉकड्रिल में एनडीआरएफ, सिविल डिफेंस, सीआईएसएफ और पुलिस ने संयुक्त रूप से हिस्सा लिया।