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लाड़लों ने किसका किया बिगाड़ा था, जो मार दिए गए

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मृत बच्चों के घर लगी लोगों की भीड़ - फोटो : अमर उजाला
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कासगंज।
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एक ही परिवार के दो चचेरे भाईयों की जघन्य हत्या ने हर किसी को हिला दिया। हर किसी की जुबान पर एक ही सवाल था कि इन लाड़ले बच्चों ने किसका किया बिगाड़ा था। इन्हें किस बात की सजा दी गई और इन्हें क्यों मारा गया। अमित और सचिन की मां बार बार चीत्कार करके यही सवाल उठा रहीं थीं। वहीं मां और परिवारीजन न्याय मांग रहे थे कि हमें न्याय मिलना चाहिए और हत्यारों को कड़ी सजा मिलनी चाहिए।
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जिन बच्चों को मांओं ने कलेजे से लगाकर पाल पोसकर बढ़ा किया गया। कभी किसी ने बच्चों को लेकर ऐसी कल्पना नहीं कि बच्चों के साथ ऐसी क्रूरतम और जघन्य घटना घट सकती है। अपने लालों के बिछडने का अमित की मां विनिता और सचिन की मां राजवती को बेहद गम था। दोनों ही बच्चों को खोकर सुध बुध भी खो बैठीं थी। बार बार दोनों की हालत खराब होती तो लोग उन्हें पानी पिलाकर और पानी छिड़ककर बार बार चेतन्य कर रहे थे। चीत्कार कर रहीं मांओं के सवालों के जवाब किसी के पास नहीं थे। कभी मां कहतीं कि अमित और सचिन को कहां ले जा रहे हो, कभी पूछतीं कि बच्चों को क्यों मारा। इन सवालों के जवाब किसी के पास नहीं थे क्योंकि जवाब देने वाले भी ऐसे ही सवालों में उल्झे हुए थे। हर कोई न्याय की दरकार कर रहा था। बदायूं से आए अमित की मां के चाचा दिनेश गोला ने कहा कि बच्चों की हत्या की बात समझ में नहीं आ रही। आखिर इन बच्चों की किससे क्या दुश्मनी थी या किसका क्या बिगाड़ा था। बच्चों की नानी प्रेमवती भी बार बार इंसाफ की बात कर रहीं थी। उन्होंने कहा कि बच्चों को ईंटों से कुचल कुचलकर मारा गया है। बच्चों के हत्यारों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए और बच्चों को इंसाफ मिलना चाहिए। हर ग्रामीण की जुबान पर यही सवाल बना हुआ था कि आखिर बच्चों ने किसका किया बिगाड़ा था जो उन्हें मौत के घाट उतारा गया।
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