लखनऊ। शहर के मॉल सुरक्षित नहीं हैं। नये साल से पहले पुलिस की मॉक ड्रिल में ये खुलासा हुआ है। सीओ हजरतगंज दिनेश यादव ने बताया कि नववर्ष की पूर्व संध्या पर आयोजित कार्यक्रमों को लेकर मॉल, सिनेमाघरों व अन्य महत्वपूर्ण स्थानों के सुरक्षा प्रबंधकों के साथ रविवार दोपहर बैठक करके उन्हें विशेष निर्देश दिए गए थे। इसके बाद देर शाम सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने के लिए एक सिपाही को सादे कपड़ों में रिवॉल्वर के साथ सहारागंज भेजा गया। मुख्यद्वार से मॉल में दाखिल हुआ रिवॉल्वरधारी पूरे मॉल में बेधड़क घूमा। उसे न तो गेट पर रोका गया और न ही मॉल के भीतर कहीं चेकिंग हुई। थोड़ी देर बाद सीओ दिनेश यादव, इंस्पेक्टर हजरतगंज अशोक कुमार वर्मा व लीला चौकी इंचार्ज विनोद कुमार सिंह पुलिस टीम लेकर सहारागंज पहुंचे। सीओ ने सुरक्षा गार्डों व प्रबंधक से बातचीत की। उन्होंने गहन चेकिंग का दावा किया। इस पर सीओ ने मॉल में घूम रहे रिवॉल्वरधारी की तलाशी लेने को कहा। युवक के पास रिवॉल्वर मिलते ही गार्डों व प्रबंधन के होश उड़ गए। लापरवाही पर सीओ ने उन्हें सख्त हिदायत दी और बताया कि रिवॉल्वरधारी कोई अपराधी नहीं बल्कि सिपाही है, जिसे सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने के लिए भेजा गया था।
हुक्का गुड़गुड़ाते मिले नाबालिग
सहारागंज की सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त कराने के बाद सीओ पुलिस टीम को साथ लेकर सामने स्थित डांसबार बालिस्मो की चेकिंग की। वहां चार नाबालिग हुक्का गुड़गुड़ाते नजर आए। पुलिस ने चारों से पूछताछ के साथ उनके अभिभावकों से फोन पर बात की। इसके साथ बालिस्मो के प्रबंधन को सख्त हिदायत देने के साथ हुक्के की चिलम जांच के लिए कब्जे में ली।