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ओलंपियन को धमकी: पड़ोसियों ने घर बनाने से रोका, प्रवीण जाधव के पिता बोले- छोड़ देंगे गांव

Sun, 08 Aug 2021 11:37 AM IST
ओम. प्रकाश स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

गांव में घर का कंस्ट्रक्शन करने की वजह से ओलंपियन प्रवीण जाधव के परिवार को धमकी मिली है। पड़ोसी उन्हें घर बनाने से रोक रहे हैं। जिसके बाद उनके पिता का कहना है कि अगर मामला नहीं सुलझा तो वह गांव छोड़ देंगे। 
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प्रवीण जाधव - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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टोक्यो ओलंपिक मे भारतीय दल का हिस्सा रहे तीरंदाज प्रवीण जाधव के परिवार को धमकी मिली है। उनके माता-पिता गांव में घर बनाना चाहते हैं। लेकिन उनके आसपास के पड़ोसी उन्हें धमका रहे हैं और घर का कंस्ट्रक्शन करने से रोक रहे हैं। उधर इस मामले को लेकर प्रवीण जाधव के माता-पिता ने कहा है कि अगर उन्हें कंस्ट्रक्शन करने की इजाजत नहीं मिलती है तो वह गांव छोड़ देंगे। 

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प्रवीण जाधव के माता-पिता पिता महाराष्ट्र के सतारा जिले के सराडें गांव में रहते हैं। जहां उनका दो कमरों का एक छोटा सा मकान है। उनके माता पिता इस घर में कंस्ट्रक्शन करवाना चाहते हैं। प्रवीण के माता-पिता का कहना है कि जमीन और घर उनका है। इसके बावजूद पड़ोसी उन्हें घर बनाने से रोक रहे हैं। प्रवीण के पिता रमेश जाधव का कहना है कि अगर यह विवाद नहीं सुलझा तो हम गांव छोड़ देंगे। 

पड़ोस वाले क्यों दे रहे धमकी

टोक्यो ओलंपिक्स से हाल ही में लौटे प्रवीण जाधव ने एक न्यूज एजेंसी से बात करते हुए कहा था कि मेरे माता-पिता सेती महामंडल में मजदूर थे, उसी महामंडल ने यह जमीन हमें दी थी, जब हमारी आर्थिक स्थिति सुधरी तो हमनें मकान बनाना शुरू किया। न्यूज एजेंसी के साथ बातचीत के दौरान प्रवीण ने यह भी कहा था कि इस जमीन पर पट्टा नहीं दिया गया था सिर्फ मौखिक समझौता हुआ था। 

प्रवीण आगे कहते हैं कि उनकी सेना में नौकरी लगने के बाद जब आर्थिक हालात सुधरी तब उन्होंने गांव में दो कमरों का घर बनवाया। तब किसी पड़ोसी ने उन्हें मकान बनाने से नहीं रोका, लेकिन जब उन्होंने बड़ा घर बनाने का फैसला लिया तो पड़ोसियों ने आपत्ति जताते हुए कहा कि पूरी जमीन उनकी है। प्रवीण ने यह भी बताया कि पड़ोसियों की आपत्ति के बाद वह जमीन का कुछ हिस्सा छोड़ने को तैयार थे। 
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जल्द सुलझ सकता है विवाद

वहीं इस मामले पर एसडीओ शिवाजी जगताप ने एक न्यूज एजेंसी से बात करते हुए कहा, वह जमीन अभी शेती महामंडल की है। उन्होंने आगे कहा कि जाधव परिवार ने जब मकान बनाने को कहा को तो उनके पड़ोसियों ने आपत्ति की और कहा कि उनके आने-जाने का रास्ता रुक जाएगा। शिवाजी ने आगे कहा कि उन्होंने कुछ पुलिसा वालों के साथ मौके पर गए और विवाद सुलझाने की कोशिश की। उम्मीद है कि आने वाले कुछ दिन में मामला सुलझ जाएगा। 
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