पुस्तक के स्कूल में पहुंचने पर शिक्षा बोर्ड के इस कारनामे को देखकर विद्यार्थियों के अभिभावक भी हैरान हैं। पंडित पद्म देव के पोते रमेश मुखिया भी स्थानीय स्कूल में शिक्षक हैं।
उन्होंने जब पांचवीं के इतिहास की पुस्तक को खोला तो उनके दादा की फोटो के स्थान पर सत्यानंद स्टोक्स की फोटो देखकर वह हैरान रह गए। उन्होंने इसकी शिकायत हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड से भी की है।
इस गलती को तुरंत ठीक करने की मांग उठाई, लेकिन इस साल पुस्तकें स्कूल में बांटी जा चुकी हैं। अब बोर्ड ने इस त्रुटि को माना है। अगले शिक्षा सत्र से इसको ठीक करने का आश्वासन दिया है।
पुस्तकों का प्रकाशन पूरी सतर्कता के साथ किया गया है। हो सकता है किसी पुस्तक की वाइंडिंग करते समय कोई पृष्ठ गलत लग गया हो। यदि ऐसा है तो पुस्तक को बदला जाएगा।- डॉ. सुरेश कुमार सोनी, अध्यक्ष, राज्य स्कूल शिक्षा बोर्ड, धर्मशाला