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Entry Tax: एंट्री टैक्स के विरोध में विभिन्न संगठन पंजाब के परिवहन मंत्री से मिले, ज्ञापन सौंपा

Mon, 13 Apr 2026 08:43 PM IST
Krishan Singh संवाद न्यूज एजेंसी, नालागढ़ (सोलन)।

सार

बैठक में पंजाब मोर्चा, कीर्ति किसान मोर्चा, भारतीय किसान यूनियन बहराम की आजाद टैक्सी यूनियन सहित विभिन्न संघर्षकारी संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।
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विभिन्न संगठन पंजाब के परिवहन मंत्री से मिले, ज्ञापन सौंपा। - फोटो : संवाद
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विस्तार
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हिमाचल सरकार की ओर से 1975 टोल एक्ट का हवाला देकर पंजाब के वाहनों पर लगाए जा रहे एंट्री टैक्स के मामले में श्री आनंदपुर साहिब से कैबिनेट मंत्री हरजोत सिंह बैंस के प्रयासों के चलते सोमवार को पंजाब के वित्त एवं परिवहन मंत्री हरपाल सिंह चीमा के कार्यालय में बैठक आयोजित की गई। बैठक में पंजाब मोर्चा, कीर्ति किसान मोर्चा, भारतीय किसान यूनियन बहराम की आजाद टैक्सी यूनियन सहित विभिन्न संघर्षकारी संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।संघर्षकारियों ने मांग रखी कि जितना टैक्स हिमाचल सरकार पंजाब के वाहनों से वसूल रही है, अगर हिमाचल सरकार तुरंत अपना फैसला लेकर पंजाब को एंट्री टैक्स से छूटी नहीं करती है तो पंजाब सरकार भी उतना ही टैक्स पंजाब की ओर से हिमाचल के वाहनों पर रेसिप्रोकल नीति के तहत लगाए। इस संबंध में विस्तृत ज्ञापन भी मंत्री हरपाल सिंह चीमा को सौंपा गया।

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बैठक के दौरान हरपाल सिंह चीमा और हरजोत सिंह बैंस ने मामले को गंभीरता से सुना और सीमा क्षेत्रों से रोजाना हजारों की संख्या में गुजरने वाले वाहनों के आंकड़े भी जुटाए। मौके पर ही चीमा ने परिवहन विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों को संघर्षकारियों के साथ बैठक कर पूरा डाटा एकत्र करने और रेसिप्रोकल टैक्स लागू करने के लिए आवश्यक मानदंड तय करने के निर्देश जारी कर दिए। बैठक का हवाला देते हुए पंजाब मोर्चा के नेता गौरव राणा, कीर्ति किसान मोर्चा रोपड़ के प्रदेश अध्यक्ष वीर सिंह बड़वा, किसान नेता सेठी शर्मा, भारतीय किसान यूनियन बहराम के उपाध्यक्ष करणवीर सिंह, आजाद टैक्सी यूनियन के वाइस प्रेसिडेंट कमलजीत सिंह, जन जन कल्याण समिति के अध्यक्ष कश्मीर सिंह नंगली सहित अन्य नेताओं ने बताया कि सरकार से जल्द अगले कदम उठाने की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि यदि हिमाचल सरकार अपना फैसला वापस नहीं लेती तो पंजाब सरकार भी कड़े कदम उठाएगी ताकि पंजाब के वाहन चालकों के साथ हो रही नाइंसाफी को खत्म किया जा सके।

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