मुख्यमंत्री ने कहा कि जमातियों के संपर्क में आए 684 लोगों को क्वारंटीन किया गया है और उन पर तब तक निगरानी रखी जानी चाहिए जब तक कि वे स्वस्थ घोषित नहीं हो जाते। उन्होंने कहा कि एक्टिव केस फाइंडिंग कैंपेन के दौरान पहचाने जाने वाले मरीजों के परीक्षण करने के लिए 15 वाहनों की व्यवस्था की है। उन्होंने केंद्र सरकार से राज्य में कोविड-19 नमूनों की जांच बढ़ाने के लिए लाल बहादुर शास्त्री राजकीय मेडिकल कॉलेज नेरचौक में आरटी-पीसीआर प्रयोगशाला स्थापित करने का आग्रह किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में अब तक कोरोना वायरस को लेकर 5404 व्यक्तियों को निगरानी में रखा गया, जिनमें से 2969 लोगों ने 28 दिनों की निगरानी अवधि पूरी कर ली है। अतिरिक्त मुख्य सचिव स्वास्थ्य आरडी धीमान ने कहा कि राज्य में अब तक 954 व्यक्तियों की कोरोना वायरस की जांच की गई। मुख्य सचिव अनिल खाची, पुलिस महानिदेशक एसआर मरडी, अतिरिक्त मुख्य सचिव गृह मनोज कुमार, प्रमुख सचिवों प्रबोध सक्सेना, ओंकार चंद शर्मा और मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव संजय कुंडू भी बैठक में मौजूद रहे ।