हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला के लक्कड़ बाजार में आइस स्केटिंग रिंक में इस बार बर्फ जमाने की प्रक्रिया 12 नवंबर के बाद ही शुरू हो सकेगी। यह भी मौसम के रुख पर निर्भर करेगा। शिमला आइस स्केटिंग क्लब एक सप्ताह के भीतर स्केटिंग सेशन 2023-24 को लेकर बैठक करेगा और इसी में सेशन के लिए अहम फैसले लिए जाएंगे। दिवाली पर इसी रिंक में पटाखा बाजार सजता है। 12 नवंबर तक बाजार लगा होने के कारण रिंक को स्केटिंग को तैयार करने की प्रक्रिया मध्य नवंबर तक ही शुरू हो सकेगी।
इस बार उम्मीद जताई जा रही है कि रिंक में आइस जमाने को अधिक जगह मिलेगी। बीते सीजन में रिंक में इसी निर्माण कार्य के कारण 60 और 30 मीटर की जगह ही मिल पाई थी। शिमला आइस स्केटिंग क्लब के संगठन सचिव पंकज प्रभाकर ने कहा कि एक सप्ताह के भीतर स्केटिंग सेशन को रिंक तैयार करने, इसमें बर्फ को जमाने और इसका क्षेत्र बढ़ाने के साथ ही स्केटिंग की दरों को बढ़ाने, न बढ़ाने जैसे अहम मुद्दों पर निर्णय होगा। उन्होंने कहा कि क्लब के सचिव मनप्रीत सेंबी की अध्यक्षता में यह बैठक जल्द बुलाई जाएगी।
एशिया का सबसे बड़ा प्राकृतिक आइस स्केटिंग रिंक
शिमला का आइस स्केटिंग रिंक एशिया का सबसे बड़ा प्राकृतिक रूप से आइस जमाने वाला रिंक है। रिंक में आम तौर पर नवंबर के अंत या दिसंबर के शुरू में समतल कर रात को पानी डाला जाता है, इसके बाद रात को तापमान में गिरावट होने पर रिंक में सुबह के लिए बर्फ जम जाती है।
2022-23 में 14 दिसंबर को हुआ था पहला स्केटिंग ट्रायल
शिमला। 2022-23 के स्केटिंग सीजन की शुरूआत 14 दिसंबर को पहले सत्र के साथ हुई थी। सीजन 23 जनवरी तक चला था। इसमें सुबह 27 और शाम के सिर्फ सात सेशन ही हो पाए थे। इस बार यदि ताममान गिरने पर ही रिंक में आइस जमाने की प्रक्रिया पूरी कर नवंबर अंत या दिसंबर माह में स्केटिंग शुरू हो सकेगी।