शिमला शहर की एक वरिष्ठ महिला नागरिक को पुलिस देर शाम थाने ले गई। रिज पर समर फेस्टिवल की वजह से लोगों की आवाजाही के लिए वन वे कर रखा है। शाम करीब सात बजे 62 वर्षीय बुजुर्ग रिज पर पहुंचीं, उन्हें चर्च की ओर जाना था लेकिन पुलिस वालों ने उन्हें रोक दिया।
उनसे कहा कि यहां से एंट्री बंद है, आप यहां से सीढ़ियां उतर कर दूसरे रास्ते से चले जाओ। बुजुर्ग का आरोप है कि उन्होंने मौके पर मौजूद महिला पुलिस और दूसरे कर्मचारियों से आग्रह किया कि उनके घुटने में दिक्कत है, लिहाजा वह सीढ़ियां नहीं उतर सकती लिहाजा आप मुझे यहां से जाने दें।
आरोप है कि पुलिस वालों ने उन्हें वहां से जाने नहीं दिया और गाली गलौज करने लगे। इतना ही नहीं उन्हें वहां से घसीट कर पहले पुलिस नियंत्रण कक्ष मालरोड ले गए। उसके बाद थाना सदर ले जाया गया। उधर, पुलिस प्रशासन का कहना है कि उक्त वरिष्ठ नागरिक ड्यूटी पर मौजूद महिला कांस्टेबल से उलझी और उसे थप्पड़ लगा दिया।
बुजुर्ग का आरोप है कि कहा कि उनके साथ दुर्व्यवहार किया गया। गाली गलौज की और उन्हें घसीटते हुए थाने ले गए। पुलिस को किसने हक दिया है कि वह किसी वरिष्ठ नागरिक के साथ मारपीट करे और सार्वजनिक स्थल से देर शाम घसीटते हुए थाने ले जाए। कानून के मुताबिक देर रात किसी भी वरिष्ठ नागरिक को बिना अपराध थाने नहीं ले जाया जा सकता।
एएसपी (सिटी) भजन देव नेगी ने कहा कि उन्हें शुरूआती सूचना मिली है कि उक्त महिला ने ड्यूटी पर मौजूद महिला कांस्टेबल को थप्पड़ मारा है। उन्हें कोई दिक्कत थी तो वह सीनियर पुलिस अफसर को मौके से कॉल कर सकती थी। उन्हें कानून अपने हाथ में नहीं लेना चाहिए था।