शहर के लोगों की आंखों में बढ़ रही ड्राइनेस, जलन और खुजली की समस्या
डॉक्टर तेज धूप, पोलन और धूल को बता रहे कारण
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। शहर के लोग आजकल आंखों में जलन, खुजली और ड्राइनेस से परेशान हैं। नेत्र विशेषज्ञ इसका कारण तेज धूप, पोलन और धूल को बता रहे हैं। शिमला शहर में एक माह से बारिश भी नहीं हुई है।
इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज (आईजीएमसी) में आंखों में ड्राइनेस और जलन से पीड़ित मरीजों की संख्या बढ़ना शुरू हो गई है। आंखों की ओपीडी में हर रोज आने वाले 250 लोगों में से 75 मरीज आंखों में जलन, ड्राइनेस और खुजली वाले आ रहे हैं। नेत्र विशेषज्ञों का कहना है कि धूप, पोलन और धूल की वजह से आंखों में सूखापन बढ़ रहा है। सभी आयु वर्ग के लोग इस बीमारी के शिकार हो रहे हैं। पूर्व में आंखों में सूखापन की समस्या उम्र के साथ होने वाली परेशानी माना जाता था लेकिन अब यह दिक्कत हर आयु वर्ग के लोगों में मिलना शुरू हो गई है। यही नहीं कई बच्चे भी इस बीमारी से ग्रसित मिल रहे हैं।
मोबाइल का ज्यादा इस्तेमाल भी घातक
आईजीएमसी के नेत्ररोग विभागाध्यक्ष डॉ. आरएल शर्मा ने बताया कि आंखों का सूखापन (ड्राई आइज) ऐसी स्थिति है जिसमें आंखों को पर्याप्त मात्रा में नमी नहीं रहती। इससे आंखों में चुभन और जलन की दिक्कत हो जाती है। धूल, पोलन और धूप से बचाव के लिए लोगों चश्मे लगाने चाहिए। मोबाइल फोन का ज्यादा इस्तेमाल भी घातक है। इसके अलावा लगातार कंप्यूटर पर बैठने का काम है तो चश्मा जरूर लगाएं तथा बीच-बीच में ब्रेक लें।
साल में एक बार जरूर करवाएं जांच : डॉ. आरएल शर्मा
आईजीएमसी के नेत्ररोग विभागाध्यक्ष डॉ. आरएल शर्मा ने बताया कि सभी उम्र के लोगों को वर्ष में कम से कम एक बार आंखों की जांच जरूर करवानी चाहिए। आंखों का सूखापन ठीक करने के लिए कई तरह की दवाइयां उपलब्ध हैं। इसके साथ लोगों को पौष्टिक आहार लेना चाहिए।