एसजेवीएन रामपुर परियोजना ने दतनगर में सतलुज की आराधना की। आराधना का कार्यक्रम देर शाम को 7:00 बजे से शुरू हुआ। बनारस से आए छह पंडितों ने वेद मंत्रों के उच्चारण से माहौल को भक्तिमय बना दिया। कार्यक्रम 9:30 बजे तक चला। यह कार्यक्रम देखने के लिए परियोजना के कर्मचारियों सहित आसपास क्षेत्र के लोग काफी संख्या में मौजूद रहे। निगम के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक नंद लाल शर्मा मुख्यातिथि थे।
उनकी पत्नी ललिता शर्मा भी मौजूद रहीं। सबसे पहले विभिन्न पंचायतों से आए ग्रामीणों ने मुख्यातिथि का स्वागत किया। महिला मंडलों ने नृत्य भी किया। एमडी ने सतलुज नदी दतनगर के पास जाकर सबसे पहले सतलुज की पूजा-अर्चना की। उन्होंने कहा कि सतलुज एसजेवीएन की नींव है। सतलुज की पूजा कर एसजेवीएन अपना आभार प्रकट कर रहा है। यहां से शुरू हुआ सफर आज विदेशों तक जा पहुंचा है। जल्द लूहरी परियोजना भी तैयार होकर क्षेत्र के विकास में अपना सहयोग देगी।
गंगा नदी की तर्ज पर एसजेवीएन की ओर से शुरू की गई सतलुज आराधना बनारस और हरिद्वार से आए प्रसिद्ध पंडितों की ओर से की गई। गंगा आरती की तर्ज पर शनिवार को सतलुज नदी में भी सतलुज आराधना शुरू हुई। रामपुर परियोजना प्रमुख मनोज कुमार, नाथपा झाकड़ी प्रोजेक्ट के प्रमुख रविचंद्र नेगी, लूहरी प्रोजेक्ट के प्रमुख रोशनलाल नेगी और जंगी थोपन प्रोजेक्ट के प्रमुख विकास महाजन सहित अन्य मौजूद रहे।