पवित्र मणिमहेश यात्रा का शाही स्नान दो सितंबर को ब्रह्म मुहूर्त में सुबह पांच बजकर तीन मिनट पर शुरू होगा। इसके बाद सारा दिन पर्व चलता रहेगा और अगले दिन तीन सितंबर सुबह चार बजकर नौ मिनट पर समाप्त होगा।
इसी शाही स्नान के लिए श्रद्धालु डल झील पर जुटेंगे। राधाष्टमी पर्व पर जब शाही स्नान का पर्व शुरू होता है, तो डल झील का जल अपने आप उफान मारने लगता है। इस पर्व पर स्नान करने से पुण्य प्राप्त होता है।
हालांकि, शिवजी के गुर त्रिलोचन महादेव के वंशज सचुईं गांव के चेले सोमवार को डल झील की परिक्रमा करने के बाद डल झील को पार करेंगे। इसके बाद स्नान शुरू हो जाता है, लेकिन स्नान का असली महत्व पर्व के दिन होता है। जो दो सितंबर को शुरू होगा।