इससे पहले इन क्षेत्रों में घूमने के लिए कोई शुल्क तय नहीं था। वन विभाग के अनुसार हाईकोर्ट के आदेशों के तहत शुल्क की दरें तय की गई हैं। यदि कोई व्यक्ति या संस्था नियमों का उल्लंघन करेंगे तो दोगुना जुर्माना वसूला जाएगा। विभाग के अनुसार, यह कदम न केवल पर्यावरण संरक्षण के लिए जरूरी है, बल्कि स्पीति जैसे इको सेंसिटिव जोन को अनियंत्रित पर्यटन से होने वाला नुकसान रोकने में भी सहायक होगा। वन मंडलाधिकारी काजा मंदार उमेश जेबरे ने कहा कि उच्च न्यायालय के आदेशों के अनुसार शुल्क की दरें तय करके लागू कर दी गई हैं।
डॉक्यूमेंट्री, शूटिंग और टेंट लगाने की दरें
पर्यटक/संस्था शुल्क प्रतिदिन
निजी डॉक्यूमेंट्री 4,000
सरकारी डॉक्यूमेंट्री 2,500
व्यावसायिक शूटिंग 7,500
व्यक्तिगत शूटिंग 5,00
टेंट लगाने पर 200-500
ढाबा संचालन 400