मेडिकल कॉलेज की संभावनाएं तलाशने चंबा पहुंची मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया (एमसीआई) की टीम ने वीरवार को क्षेत्रीय अस्पताल समेत उन जगहों का दौरा किया, जिनका चयन कॉलेज के लिए हुआ है।
दो सदस्यीय टीम ने क्षेत्रीय अस्पताल, अखंड चंडी पैलेस, सरोल में मेडिकल कॉलेज को चयनित भूमि समेत आसपास के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों की हालत तथा वहां रोजाना ओपीडी समेत लोगों को मिल रहे उपचार का अध्ययन किया।
टीम ने चंबा में मेडिकल कॉलेज खुलने की संभावनाओं पर चार बड़े सवाल उठाए हैं। भविष्य में इनकी पूर्ति नहीं हुई तो कॉलेज खुलने में मुश्किलें खड़ी हो सकती हैं। टीम ने चंबा अस्पताल में मिल रहे उपचार को दुरुस्त करने की नसीहत दी है।
अस्पताल में इंटर्न ऑक्सीजन सिस्टम, सेंट्रल स्ट्रेलाइजेशन वार्ड, ओपीडी में सुधार तथा स्टाफ की कमी पर आपत्ति जताई है। चंबा में मेडिकल कॉलेज चलेगा या नहीं, यह निर्णय एमसीआई की रिपोर्ट पर तय है।
एमसीआई के दौरे से पूर्व स्वास्थ्य विभाग ने चंबा में रेडियोलॉजिस्ट की तैनाती के आदेश जारी किए थे, लेकिन रेडियोलॉजिस्ट ने अभी तक ज्वाइनिंग नहीं दी है। कई विशेषज्ञ डॉक्टर लगातार छुट्टी पर हैं। इससे ओपीडी का कामकाज प्रभावित हो रहा है।
एमसीआई की टीम में डॉ. एसएस सैय्यद और डॉ. ऊषा रानी शामिल हैं। जांच का सिलसिला देर शाम तक चलता रहा। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. विनोद शर्मा ने बताया कि एमसीआई टीम ने मेडिकल कॉलेज पर सकारात्मक रुख दिखाया है।
टीम ने जिन बातों पर आपत्ति जताई है, उन्हें तत्काल दूर करने का आश्वासन स्वास्थ्य विभाग ने दिया है। उम्मीद है मेडिकल कॉलेज को लेकर सब कुछ पॉजिटिव होगा।