फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Shimla News: फोरलेन के कार्य से जमीन और घर बर्बाद, अब बस सेवा भी बंद

विज्ञापन
विज्ञापन
संजौली-ढली बाईपास पर पांच दिन से बसों की आवाजाही बंद, क्षेत्र के सैकड़ों लोग झेल रहे हैं परेशानी
विज्ञापन

प्रशासन से आवागमन के लिए वैकल्पिक व्यवस्था की मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। राजधानी के चलौंठी क्षेत्र में बीते शुक्रवार (9 जनवरी) को मकानों और सड़क में दरारें आने की घटना के बाद से संजौली-ढली बाईपास पर पांच दिन से बसों की आवाजाही बंद है। लोगों का आरोप है कि कालका-शिमला फोरलेन के निर्माण कार्य के चलते सड़क क्षतिग्रस्त हुई है। इस कारण चलौंठी, लंबीधार, एयरपोर्ट इत्यादि क्षेत्र के सैकड़ों लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
लोगों ने कहा कि पहले घर, जंगल, जमीन बर्बाद हुई अब बसें बंद होने से परेशानी बढ़ गई है। बसों की आवाजाही बंद होने से क्षेत्रवासियों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। बाजार और अस्पताल जाने के लिए कई किलोमीटर घूमकर या पैदल ही लंबी दूरी तय करनी पड़ रही है। इससे खासकर बुजुर्गों, महिलाओं को परेशानी झेलनी पड़ रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि बीते शुक्रवार को दरारें आने की घटना के बाद सुरक्षा के मद्देनजर प्रशासन ने बाईपास पर बड़े वाहनों की आवाजाही बंद की है। लेकिन प्रशासन आवागमन के लिए वैकल्पिक व्यवस्था करना भूल गया है। घटना के कई दिन बीत जाने के बाद भी प्रशासन ने कोई व्यवस्था नहीं की है।
विज्ञापन

लोगों ने आरोप लगाते हुए कहा कि प्रशासनिक लापरवाही के कारण लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। लोगों ने प्रशासन से मांग की कि या तो बाईपास पर बसों की आवाजाही बहाल की जाए या लोगों की सुविधा के लिए छोटे ट्रैवलर चलाई जाए ताकि लोगों को कोई असुविधा न हो। गौरतलब है कि बीते शुक्रवार को चलौंठी में एक होटल समेत दो मकानों के साथ सड़क में भी दरारें आ गई थीं। इस घटना के बाद प्रशासन ने मकानों को खाली करवाने के साथ ही संजौली-ढली वाईपास पर बड़े वाहनों की आवाजाही भी बंद कर रखी है। इससे लोगों को आवागमन में असुविधा हो रही है।


घर और जमीन बर्बाद, अब बसें बंद
ढली पंचायत के लंबीधार वार्ड से वार्ड सदस्य निशा ठाकुर ने कहा कि इस निर्माणाधीन फोरलेन ने जल, जंगल और जमीन के बाद यहां के लोगों से आवागमन की सुविधा छीन ली है। बीते पांच दिनों से लोगों को भारी असुविधा हो रही है। उन्होंने कहा कि इससे स्थानीय लोगों कोई फायदा नहीं हैं। बल्कि उल्टा कई लोगों के घर बर्बदा हो गए और कई लोगों की जमीन तबाह हो गई। स्रोत तबाह हो गए हैं और पशु पानी नहीं पी रहे। उन्होंने कहा कि प्रशासन को या तो बसों की आवाजाही बहाल करनी चाहिए या कोई अन्य व्यवस्था।


रोजाना कामकाज वाले लोग परेशान
लंबीधार में दुकान चलाने वाले इंद्रपाल ने बताया जिन लोगों के पास गाड़ी नहीं है उनको आने-जाने में समस्या हो रही है। इन दिनों स्कूलों में अवकाश, कई दफ्तरों में छुट्टियां हैं। काफी संख्या में लोग घर गए हुए हैं लेकिन जाे कामकाजी लोग हैं रोजाना काम के लिए दफ्तर, बाजार और शहर की तरफ जाते हैं उन्हें समस्या का सामना करना पड़ रहा है।
विज्ञापन




बुजुर्गाें को अस्पताल जाने में हो रही दिक्कत
स्थानीय व्यक्ति देवेंद्र शर्मा ने बताया कि बसों की आवाजाही बंद होने से बुजुर्गाें को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। इसमें जो बुजुर्ग नियमित उपचार के लिए स्वयं ही आईजीएमसी अस्पताल पहुंच जाते थे उन्हें परेशानी हो रही है। प्रशासन को बसों की आवाजाही बहाल करनी चाहिए। भले ही बड़े-बड़े वाहनों की आवाजाही बंद रखें ताकि लोगों को परेशानी न हो।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें