हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले के औद्योगिक क्षेत्र टाहलीवाल स्थित चावल की मिल में देर रात मालिक ने फोरमैन की मामूली बहस के बाद पिस्तौल से गोली दागकर हत्या कर दी। हत्या के बाद सीमा से सटे पंजाब अंजोली मोड़ के फ्लाईओवर के पास शव को ठिकाने लगाने में जुटे मालिक और मुंशी को पुलिस ने दबोचा है। पिस्तौल लाइसेंसी है या फिर अवैध पुलिस छानबीन कर रही है। पुलिस ने मौके पर चले दो कारतूस बरामद किए हैं। मृतक की पहचान हरी नंदन राम (40) उर्फ धूरा पुत्र लक्ष्मी राम, गांव कुंडलपुर, जिला बेतिया, बिहार के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपी संत प्रकाश शर्मा और मुंशी राकेश कुमार को गिरफ्तार कर लिया है।
बताया जा रहा है कि हरी नंदन करीब तीन माह पूर्व ही यहां काम करने के लिए आया था। पुलिस अधीक्षक अर्जित सेन ठाकुर और आरएफएसएल की टीम ने भी घटनास्थल से साक्ष्यों को जुटाया है। पुलिस का दी गई शिकायत में चावल मिले में कार्यरत संतोष कुमार निवासी गांव एवं डाकघर ईटारा, तहसील कानपुर, उत्तर प्रदेश ने बताया कि मिल में बीते लंबे समय से चावल छंटाई का काम करता है। सोमवार देर रात 12:30 बजे के करीब शैलर की तरफ से आवाज आई, इस पर वहां पहुंच देखा तो मालिक संत प्रकाश फोरमैन हरी नंदन उर्फ धूरा पर चावल में धान मिक्स होने सहित गुणवत्ता पर सवाल उठाने लगा। इस दौरान यहां पर अन्य मजदूरों रितेश कुमार, हीरा राम और मुंशी राकेश कुमार भी झगड़े में बीच बचाव कर रहे थे।
देखते ही देखते मालिक संत राम ने पिस्तौल से धूरा को गोली मार दी। इसके बाद मालिक संत प्रकाश राकेश कुमार को साथ लेकर गंभीर हालत में धूरा को अस्पताल ले गए। गाड़ी में ही चेक करने के बाद डॉक्टर ने उसे मृत करार दिया। पुलिस की मानें तो अंजोली मोड़ स्थित फ्लाईओवर के पास संत प्रकाश और राकेश कुमार ने मिलकर शव को ठिकाने लगाने का प्रयास किया। इसकी भनक पुलिस को लग गई। दोनों को पुलिस ने धर दबोचा है। शव को ऊना शवगृह से टांडा मेडिकल कॉलेज में पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। पुलिस अधीक्षक अर्जित सेन ठाकुर ने कहा कि पुलिस मामले में जांच कर रही है। शव का पोस्टमार्टम टांडा में करवाया जाएगा।