करवाचौथ के पर्व को लेकर नाहन के बाजारों में रौनक देखने को मिली। त्योहार की तैयारियों के लिए महिलाओं ने मिठाई, श्रृंगार सामग्री और जरूरत का अन्य सामान खरीदा। हालांकि, करवाचौथ के दिन मौसम खराब रहने के कारण बाजारों में लोगों की आवाजाही कम रही। इसका असर बाजारों की चहल-पहल पर भी दिखाई दिया।
पर्व से पहले महिलाओं में दिखा उत्साह
करवाचौथ को लेकर महिलाओं में त्योहार से पहले ही उत्साह बना हुआ था। बड़ी संख्या में महिलाएं बाजार पहुंचीं और अपनी जरूरत के अनुसार खरीदारी की। इस दौरान मिठाई, श्रृंगार सामग्री और करवाचौथ से संबंधित अन्य सामान की दुकानों पर खरीदारी होती रही। महिलाओं ने पर्व की तैयारियों के लिए जरूरी वस्तुएं खरीदीं। कई लोगों ने त्योहार से पहले ही खरीदारी पूरी कर ली थी, जिससे उन्हें पर्व के दिन सामान जुटाने की परेशानी न हो।
खराब मौसम से बाजारों की रौनक पड़ी फीकी
करवाचौथ के दिन मौसम अनुकूल नहीं रहने से बाजारों में अपेक्षाकृत कम लोग नजर आए। आम दिनों और त्योहार से पहले दिखाई देने वाली चहल-पहल के मुकाबले बाजारों में रौनक कम रही। खराब मौसम के बावजूद लोग अपनी जरूरत का सामान खरीदने बाजार पहुंचे। वहीं, दुकानदारों ने भी त्योहार को ध्यान में रखते हुए पहले से तैयारियां की थीं।
खरीदारी पर दिखा मौसम का असर
करवाचौथ जैसे त्योहार पर बाजारों में खरीदारी बढ़ने की उम्मीद रहती है, लेकिन नाहन में खराब मौसम के कारण पर्व के दिन लोगों की आवाजाही कम रही। इसके बावजूद मिठाई और श्रृंगार सामग्री समेत जरूरी वस्तुओं की खरीदारी जारी रही।
करवाचौथ के पावन अवसर पर अवाहदेवी माता मंदिर में श्रद्धा और भक्ति का माहौल देखने को मिला। त्योहार के चलते मंदिर में सैकड़ों व्रतधारी सुहागिन महिलाएं पहुंचीं। उन्होंने माता के दरबार में माथा टेककर अपने सुहाग की लंबी उम्र और परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की।
सुबह से मंदिर में लगी रही श्रद्धालुओं की आवाजाही
करवाचौथ के दिन सुबह से ही मंदिर परिसर में महिला श्रद्धालुओं के पहुंचने का सिलसिला जारी रहा। महिलाओं ने माता के दर्शन कर पूजा-अर्चना की और परिवार की खुशहाली के लिए प्रार्थना की। पर्व के चलते मंदिर परिसर में भक्तिमय माहौल बना रहा।
माता की चौकी में शामिल हुईं महिलाएं
मंदिर कमेटी की ओर से परिसर में माता की चौकी का आयोजन किया गया। इसमें बड़ी संख्या में महिलाओं ने उत्साह के साथ भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान भजन-कीर्तन हुआ और श्रद्धालुओं ने माता की भेंटें गाईं।
भजनों पर झूमीं श्रद्धालु
माता की भेंटों और भजन-कीर्तन के दौरान महिलाओं ने भक्ति भाव से नृत्य किया। इससे मंदिर परिसर का माहौल भक्तिमय हो गया। करवाचौथ के अवसर पर मंदिर में पूजा-अर्चना और धार्मिक आयोजन ने श्रद्धालुओं के उत्साह को और बढ़ाया।
करवा चौथ के नजदीक आते ही विश्वविख्यात शक्तिपीठ श्री नयना देवी जी और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के बाजारों में त्योहार की रौनक बढ़ गई है। बाजारों में खरीदारी के लिए महिलाओं की आवाजाही बढ़ी है। खास तौर पर रंग-बिरंगी कांच की चूड़ियां सुहागिनों को आकर्षित कर रही हैं।
दुकानों पर अलग-अलग रंगों, डिजाइनों और बनावट वाली चूड़ियां सजाई गई हैं। महिलाएं अपनी पसंद के अनुसार चूड़ियां खरीदने के लिए बाजार पहुंच रही हैं। स्थानीय महिलाओं के साथ बाहरी राज्यों से आने वाली महिलाएं भी खरीदारी कर रही हैं।
सोलह शृंगार में चूड़ियों का खास महत्व
करवा चौथ पर सोलह शृंगार का विशेष महत्व माना जाता है। इसी वजह से त्योहार के दौरान चूड़ियों की मांग बढ़ जाती है। महिलाएं पारंपरिक रंगों के साथ अपनी पसंद के डिजाइन वाली चूड़ियां खरीद रही हैं। बाजार में इनकी विभिन्न किस्में उपलब्ध होने से महिलाओं को चुनाव के कई विकल्प मिल रहे हैं।
फिरोजाबाद और जयपुर से मंगवाई गईं चूड़ियां
दुकानदारों के अनुसार, करवा चौथ के लिए विशेष रूप से उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद और राजस्थान के जयपुर से चूड़ियां मंगवाई जाती हैं। इस बार भी महिलाओं की पसंद को ध्यान में रखते हुए विभिन्न रंगों और डिजाइनों की चूड़ियां दुकानों में उपलब्ध करवाई गई हैं।
त्योहार पर अच्छे कारोबार की उम्मीद
करवा चौथ को लेकर बाजार में बढ़ी चहल-पहल से दुकानदारों को अच्छे कारोबार की उम्मीद है। चूड़ियों की दुकानों पर महिलाओं की आवाजाही के कारण बाजार में त्योहार जैसा माहौल बना हुआ है। आने वाले दिनों में खरीदारी और बढ़ने की संभावना को देखते हुए व्यापारी भी उत्साहित हैं।
करवाचौथ के अवसर पर धर्मशाला के फव्वारा चौक में मेहंदी लगवाने के लिए महिलाएं पहुंचीं। रामलीला के दौरान मेहंदी कलाकारों को अपनी कला प्रदर्शित करने के लिए उपलब्ध करवाए गए मंच को त्योहार पर भी अच्छा प्रतिसाद मिला। हालांकि, इस बार बाजार में महिलाओं की मौजूदगी अपेक्षाकृत कम रही।
फव्वारा चौक पर मेहंदी लगवाने पहुंचीं महिलाएं
करवाचौथ के दिन महिलाओं ने फव्वारा चौक पर पहुंचकर हाथों पर आकर्षक मेहंदी के डिजाइन बनवाए। कोतवाली बाजार व्यापार मंडल के अध्यक्ष अनुज कश्यप के अनुसार, बड़ी संख्या में महिलाएं यहां मेहंदी लगवाने आईं। त्योहार के चलते मेहंदी कलाकारों के पास लोगों की आवाजाही बनी रही।
कलाकारों को मिला कला दिखाने का अवसर
पालमपुर की अदिति ने बताया कि इस पहल से मेहंदी कलाकारों को अपनी कला दिखाने के साथ रोजगार कमाने का अवसर मिला है। रामलीला के दौरान उपलब्ध करवाए गए मंच ने कलाकारों को लोगों तक पहुंचने का एक नया माध्यम दिया।
व्यापार मंडल की पहल से मिला नया विकल्प
कोतवाली बाजार व्यापार मंडल की इस पहल से महिलाओं को मेहंदी लगवाने के लिए एक नया विकल्प मिला। साथ ही स्थानीय कलाकारों को भी प्रोत्साहन मिला। आयोजकों के अनुसार, मेहंदी कलाकारों के लिए निर्धारित स्थान की व्यवस्था से गुरुद्वारा मार्ग पर लगने वाले जाम से भी राहत मिली।
करवाचौथ को लेकर वीरवार को सोलन के बाजारों में खूब चहल-पहल देखने को मिली। त्योहार के चलते लोअर बाजार में खरीदारी करने वालों की भारी भीड़ उमड़ी और पूरा बाजार लोगों से भरा नजर आया। इस दौरान बड़ी संख्या में महिलाएं त्योहार की तैयारियों के लिए खरीदारी करती दिखीं।
मिठाई की दुकानों पर लगी कतारें
करवाचौथ के चलते मालरोड पर मिठाई की दुकानों में भी लोगों की भीड़ रही। त्योहार के लिए मिठाइयां खरीदने पहुंचे लोगों के कारण दुकानों पर रौनक बनी रही। वहीं, मेहंदी लगवाने के लिए भी महिलाएं कई स्थानों पर कतारों में अपनी बारी का इंतजार करती नजर आईं।
मालरोड पर वाहनों की आवाजाही बंद
त्योहार के मद्देनजर प्रशासन ने मालरोड पर वाहनों की आवाजाही बंद रखी थी। इससे बाजार में पैदल खरीदारी करने वाले लोगों को सुविधा मिली और उन्हें वाहनों की आवाजाही के कारण होने वाली परेशानी का सामना नहीं करना पड़ा। करवाचौथ के चलते शहर के बाजारों में त्योहार का माहौल देखने को मिला।
करवाचौथ पर्व पर जिला मुख्यालय नाहन में मौसम का मिजाज बदल गया। सुबह से ही आसमान में काले बादल छाए रहे और हल्की बूंदाबांदी हुई। मौसम में आए इस बदलाव से शहर में बारिश की संभावना बढ़ गई है। मौसम विभाग ने आज और कल मौसम खराब रहने की चेतावनी जारी की है।
पुलिस भर्ती प्रक्रिया पर बारिश का खतरा
मौसम के बिगड़ते मिजाज ने चौगान मैदान में चल रही पुलिस भर्ती प्रक्रिया को लेकर चिंता बढ़ा दी है। यदि तेज बारिश होती है, तो भर्ती प्रक्रिया प्रभावित हो सकती है। इससे भर्ती में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
करवाचौथ की खरीदारी पर भी पड़ सकता है असर
करवाचौथ के अवसर पर बाजारों में खरीदारी के लिए लोगों की आवाजाही बनी रहती है। ऐसे में बारिश होने पर बाजार का कारोबार प्रभावित होने की आशंका है। तेज बारिश से लोगों को खरीदारी के लिए घरों से निकलने में परेशानी हो सकती है, जिसका असर दुकानदारों के कारोबार पर भी पड़ सकता है।
आसमान पर टिकीं लोगों की नजरें
फिलहाल नाहन में मौसम के बदलाव के बीच लोगों की नजरें आसमान पर टिकी हैं। सुबह हुई हल्की बूंदाबांदी के बाद बारिश की आशंका बनी हुई है। यदि बारिश तेज होती है, तो करवाचौथ की तैयारियों और पुलिस भर्ती में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों की गतिविधियों पर असर पड़ सकता है।
करवा चौथ की परंपरा के अनुसार, चंद्रमा निकलने के बाद महिलाएं उन्हें अर्घ्य अर्पित करती हैं। इसके बाद पति के हाथों जल ग्रहण कर व्रत पूरा किया जाता है। चूंकि अलग-अलग स्थानों पर चंद्रोदय का समय बदल सकता है, इसलिए स्थानीय समय का ध्यान रखना जरूरी है।
शिमला के गंज बाजार स्थित राधा कृष्ण मंदिर के पुजारी उमेश नौटियाल के अनुसार, चतुर्थी तिथि 28 अक्तूबर की रात 1:06 बजे शुरू होकर 29 अक्तूबर की रात 10:11 बजे तक रहेगी। बताई गई जानकारी के मुताबिक, सरगी ग्रहण करने का समय सुबह 3:30 बजे से 5:30 बजे तक है। वहीं, पूजा के लिए शाम 5:38 बजे से 6:56 बजे तक का समय निर्धारित बताया गया है। करवा चौथ पर महिलाएं सुबह सरगी लेने के बाद व्रत रखती हैं। दिनभर पति की लंबी आयु और परिवार की खुशहाली की कामना की जाती है। शाम के समय करवा माता की पूजा और व्रत कथा सुनने की परंपरा निभाई जाती है।
करवा चौथ के व्रत में चंद्रमा के दर्शन का विशेष महत्व होता है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, प्रदेश के प्रमुख शहरों में चंद्रोदय का अनुमानित समय इस प्रकार है:
कल्पा: रात 7:59 बजे
भुंतर: रात 8:02 बजे
केलांग: रात 8:02 बजे
शिमला: रात 8:04 बजे
सोलन: रात 8:05 बजे
नाहन: रात 8:05 बजे
सुंदरनगर: रात 8:06 बजे
ऊना: रात 8:07 बजे
बिलासपुर: रात 8:07 बजे
धर्मशाला: रात 8:08 बजे
हमीरपुर: रात 8:08 बजे
चंबा: रात 8:10 बजे
स्थगित परीक्षाओं में बीसीए प्रथम सेमेस्टर का गणित का पेपर और तीसरे तथा पांचवें सेमेस्टर के ऑपरेटिंग सिस्टम के पेपर शामिल हैं। इसके अतिरिक्त बीए, बीएससी और बीकॉम की अनुपूरक परीक्षाओं के तहत समाजशास्त्र, कंप्यूटर एप्लीकेशन, हिंदी, रसायन विज्ञान, पर्यटन, राजनीति विज्ञान, भूविज्ञान और शारीरिक शिक्षा जैसे विषयों की परीक्षाएं भी निर्धारित थीं। विद्यार्थियों को परीक्षा में शामिल होने से पहले संशोधित समयसारिणी की जानकारी लेने की सलाह दी गई है।
विश्वविद्यालय की ओर से जारी सूचना के अनुसार, टाली गई परीक्षाओं के लिए नई तारीखें अलग से घोषित की जाएंगी। विद्यार्थियों को सलाह दी गई है कि वे विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध सूचनाओं को नियमित रूप से देखें। अन्य तारीखों पर निर्धारित परीक्षाएं पहले जारी कार्यक्रम के अनुसार होंगी।
करवा चौथ के सार्वजनिक अवकाश के कारण हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय ने 29 अक्तूबर को आयोजित होने वाली परीक्षाओं को स्थगित कर दिया है। विश्वविद्यालय से संबद्ध कॉलेजों में होने वाली संबंधित परीक्षाएं भी प्रभावित होंगी।
करवा चौथ के अवसर पर इस बार प्रदेश में सार्वजनिक अवकाश घोषित किया गया है। इससे पुरुष कर्मचारी भी अपनी पत्नी और परिवार के साथ त्योहार मना सकेंगे। इससे पहले रक्षाबंधन के अवसर पर भी पुरुष कर्मचारियों के लिए छुट्टी का निर्णय लिया गया था। हालांकि, सरकार की ओर से घोषित यह अवकाश परक्राम्य लिखत अधिनियम, 1881 की धारा 25 के अंतर्गत आने वाला अवकाश नहीं है।