सिस्टर निवोदिता नर्सिंग कॉलेज हॉस्टल में छात्राओं पर गरम दाल फेंकने के आरोप से घिरीं हॉस्टल वार्डन को हटा दिया गया है। इनकी जगह हॉस्टल वार्डन बिमला वर्मा और असिस्टेंट वार्डन सुषमा नेगी को नियुक्त किया गया है।
हालांकि प्रबंधन के इस फैसले से पहले ही हॉस्टल वार्डन सुनीता वर्मा ने इस पद से इस्तीफा दे दिया था। नर्सिंग कॉलेज की छात्राएं वार्डन को सस्पेंड करने की मांग पर अड़ी हुई हैं। बुधवार को भी कॉलेज परिसर में छात्राओं ने हॉस्टल वार्डन के खिलाफ नारेबाजी की।
छात्राओं ने दो टूक कहा कि जब तक आरोपी को सस्पेंड नहीं किया जाता, तब तक वे विरोध करती रहेंगी। वीरवार से छात्राएं काले बिल्ले लगाकर विरोध करेंगी। बुधवार को अतिरिक्त निदेशक आईजीएमसी डॉ. नरेश कुमार लट्ठ, कार्यकारी प्रिंसिपल प्रोफेसर केपी चौधरी, अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सा अधीक्षक डॉ. रमेश ने बैठक की।
प्रिंसिपल के लौटने पर होगा फैसला
निर्णय लिया कि सुनीता वर्मा से हॉस्टल वार्डन की जिम्मेदारी लेकर किसी दूसरे को सौंप दी जाए। सहमति के बाद ऑर्डर जारी कर दिए। लेकिन जैसे ही छात्राओं को इसकी भनक लगी तो उन्होंने दोपहर दो बजे के बाद धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया। अतिरिक्त निदेशक ने छात्राओं से कहा कि हॉस्टल वार्डन को सस्पेंड करने का फैसला वे नहीं ले सकते।
आईजीएमसी प्रिंसिपल प्रोफेसर केके कौशल छुट्टी पर हैं। वे एक जुलाई को आएंगे, उसके बाद ही इस पर कुछ कर सकते हैं। इसके बाद छात्राओं ने कहा कि वे वीरवार से काले बिल्ले बांधकर कक्षाएं लगाएंगी। प्रिंसिपल के आने का इंतजार करेंगी। उसके बाद अगर हॉस्टल वार्डन को सस्पेंड नहीं किया तो उन्हें मजबूरन धरना प्रदर्शन करने पर मजबूर होना पड़ेगा।