सुनीता कुमारी व मोहर सिंह
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जंजैहली के दो युवा हिंदी के सहायक प्रोफेसर बने हैं। मोहर सिंह जंजैहली के घाटाधार गांव के हैं। जबकि सुनीता कुमारी जंजैहली के झनोट गांव की रहने वाली हैं। मोहर सिंह ने अपनी पढ़ाई राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला जरोल से की। कॉलेज की पढ़ाई लंबाथाच काॅलेज से की है। मोहर सिंह के पिता एक किसान हैं, जो खेतीबाड़ी के साथ-साथ मिस्त्री का भी काम करते हैं।
माता-पिता ने कड़ी मेहनत के चलते अपने बेटे को पढ़ाया है। सुनीता कुमारी के माता-पिता भी किसान हैं जो खेतीबाड़ी कर गुजर-बसर करते हैं। कड़ी मेहनत करने के बाद सुनीता ने सहायक प्रोफेसर बनकर लक्ष्य हासिल किया है। दोनों ने अपनी सफलता का श्रेय अपने परिजनों और गुरुजनों को दिया है।
हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग ने सहायक प्रोफेसर की परीक्षा का परिणाम घोषित किया है। जिला कुल्लू की दीपा कुमारी परीक्षा उत्तीर्ण कर हिंदी की सहायक प्रोफेसर बनी हैं। बता दें कि लोक सेवा आयोग ने नवंबर 2022 में यह परीक्षा करवाई थी, जिसका परिणाम 23 जून 2023 को घोषित किया गया है। जिला मुख्यालय कुल्लू के साथ महाराजा घाटी के गांव पचाहली की दीपा कुमारी ने परीक्षा को उत्तीर्ण कर जिले का नाम रोशन किया है। उनके पिता टिकम चंद किसान और माता कली देवी गृहिणी है।
दीपा कुमारी ने कहा कि उन्होंने लोक सेवा आयोग द्वारा करवाई गई इस परीक्षा को पहली बार में ही उत्तीर्ण किया है। इसके लिए उन्होंने अतिरिक्त पढ़ाई भी नहीं की है। उन्होंने शिमला में रहते हुए ही परीक्षा की तैयारी की। वहीं, उन्होंने कुल्लू में शनिवार को सीपीएस सुधर सिंह ठाकुर से शिष्टाचार भेंट की। सीपीएस ने उन्हें इस उपलब्धी पर बधाई दी है।