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हिमाचल: बिजली गिरने से दो युवकों की मौत, चंबा में बाढ़ के मलबे में दबीं 30 भेड़-बकरियां

Tue, 11 May 2021 08:22 PM IST
Krishan Singh अमर उजाला नेटवर्क, शिमला/ज्यूरी/भरमौर

सार

मौसम विज्ञान केंद्र शिमला ने बुधवार और गुरुवार को भी प्रदेश के मैदानी जिलों ऊना, बिलासपुर, हमीरपुर, कांगड़ा और मध्य पर्वतीय क्षेत्रों शिमला, सोलन, सिरमौर, मंडी, कुल्लू व चंबा में भारी बारिश, अंधड़ और ओलावृष्टि का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। 15 मई तक पूरे प्रदेश में मौसम खराब बना रहने का पूर्वानुमान है। 
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भरमौर में बादल फटने से भेड़-बकरियों की मौत - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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 हिमाचल प्रदेश के मैदानी और मध्य पर्वतीय 10 जिलों के लिए जारी भारी बारिश, अंधड़ और ओलावृष्टि के ऑरेंज अलर्ट के बीच जानमाल का भारी नुकसान हुआ है। शिमला जिला के झाकड़ी में बिजली गिरने से दो युवकों की मौत हो गई है। चंबा के भरमौर में नाले में आई बाढ़ के मलबे में दबकर 30 भेड़-बकरियां मर गई हैं जबकि कुछ बह गई हैं।

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रोहतांग, पांगी में मंगलवार को ताजा हिमपात हुआ है जबकि रामपुर के दलोग समेत अन्य गांवों में ओलावृष्टि से सेब की फसल को भारी नुकसान पहुंचा है।  झाकड़ी के मशनू गांव में नेपाल मूल के दोनों युवक जमींदार के खेत में काम करने के बाद बीते रविवार को देर रात घर लौट रहे थे।

रास्ते में बारिश शुरू होने पर दोनों ने बान के पेड़ के नीचे आड़ ली। इसी बीच बिजली गिरने से दोनों के शरीर पर छाती से पांव तक कई छेद हो गए, जिससे उनकी मौत हो गई। मृतकों की पहचान रेशम (27) और विशाल (35) निवासी नेपाल के रूप में हुई है।
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भरमौर की पूलन पंचायत में भी रविवार देर रात एक बजे भारी बारिश के बाद गड़ा नाले में बाढ़ आ गई जिसके मलबे में दबने से 30 भेड़-बकरियां दबकर मर गई। दस भेड़-बकरियां घायल भी हुई हैं। नाले में बढ़े जलस्तर को देख भेड़पालक परिवार ने वहां से भागकर अपनी जान बचाई।

एडीएम भरमौर पृथी पाल सिंह ने कहा कि बादल नहीं फटा है बल्कि भारी बारिश से जलस्तर बढ़ने से यह घटना हुई है। बारिश और बर्फबारी से मंगलवार को प्रदेश के अधिकतम तापमान में भी सामान्य से तीन से चार डिग्री की कमी दर्ज की गई है। 

दो दिन ऑरेंज अलर्ट
मौसम विज्ञान केंद्र शिमला ने बुधवार और गुरुवार को भी प्रदेश के मैदानी जिलों ऊना, बिलासपुर, हमीरपुर, कांगड़ा और मध्य पर्वतीय क्षेत्रों शिमला, सोलन, सिरमौर, मंडी, कुल्लू व चंबा में भारी बारिश, अंधड़ और ओलावृष्टि का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। 15 मई तक पूरे प्रदेश में मौसम खराब बना रहने का पूर्वानुमान है। 16 मई से धूप खिलने की संभावना जताई गई है।

अधिकतम तापमान (डिग्री सेल्सियस में)
बिलासपुर          32.0
हमीरपुर            31.0
नाहन                30.6
ऊना                29.0
सुंदरनगर        28.4
धर्मशाला        26.0
चंबा            23.9
शिमला        21.4

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पौधों से झड़ रहा सेब का दाना, बागवानों की बढ़ी चिंता

सेटिंग के बाद पौधों से सेब झड़ने के कारण बागवानों की चिंता बढ़ गई है। बारिश, तूफान और ओलावृष्टि के कारण फसल पर बुरा असर पड़ रहा है। शिमला जिले के अधिकतर सेब उत्पादक क्षेत्रों में सेटिंग के बाद पौधे से सेब झड़ने की समस्या पेश आ रही है। शिमला जिले के ठियोग, कोटखाई, जुब्बल, रोहड़ू, नारकंडा, शिलारू, मतियाना और मड़ावग में बगीचों में फ्रूट ड्रॉपिंग की समस्या आ रही है। 

कोटखाई के बागवान नरेंद्र चौहान, सुशील शर्मा और पंकज चौहान का कहना है कि सेटिंग के बाद पौधों से सेब झड़ने लगे हैं। अगर यही स्थिति रही तो पेड़ खाली हो सकते हैं। प्रोग्रेसिव ग्रोवर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष लोकेंद्र सिंह बिष्ट का कहना है कि परागण प्रक्रिया के दौरान बारिश के कारण भी कई सेब उत्पादक क्षेत्रों में फ्रूट ड्रॉपिंग की समस्या पेश आ रही है।

पिंक बड पर बोरोन की स्प्रे के जरिये समस्या से बचा जा सकता है। बागवानी विभाग के उपनिदेशक डॉ. देशराज ठाकुर का कहना है कि हाई फ्रूट सेटिंग में फ्रूट ड्रॉपिंग एक सामान्य प्रक्रिया है। एक बीमे में पांच छह में से तीन चार फल गिर जाए तो चिंता की बात नहीं है, लेकिन पूरा बीमा ही खाली हो जाए, तो यह गंभीर है।
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