इसमें कुल्लू आरटीओ कार्यालय को 793 परमिट स्वीकृत किए गए। शिमला आरटीओ 354 जबकि अन्य आरटीओ कार्यालय को 150 से कम परमिट दिए गए हैं। इसमें फ ोर प्लस वन और 6 प्लस वन से लेकर 12 प्लस वन तक के रूट परमिट थे। अब सरकार की ओर से यही रूट परमिट जारी किए जा रहे हैं। यह परमिट 1 साल से लेकर 3 साल तक के लिए जारी किए गए हैं।
परिवहन मंत्री गोबिंद ठाकुर ने कहा कि युवाओं को रोजगार देने के लिए टैक्सी रूट परमिट दिए जा रहे हैं। सरकार की कोशिश है कि ज्यादा से ज्यादा युवाओं को रोजगार मिले। परमिट जारी किए जाने से हिमाचल के युवाओं को रोजगार मिल सकेगा। अब ये टैक्सी नंबर लेकर प्रदेश के पर्यटन स्थलों और बाहरी राज्यों में सवारियां ले जा सकेंगे।