हजारों रुपये कमाने वाले युवक ने नौकरी छोड़ने के बाद गर्म इलाके में सेब बागवानी की नई मिसाल पेश की है। उपमंडल कांगड़ा की पंचायत इच्छी के हरीश धनोटिया ने सेब के करीब 410 पेड़ लगाए हैं। अब इन्होंने फल देना शुरू कर दिया है। हरीश ने बताया कि उनका सपना था कि वह सेब के बगीचे लगाएं, इसलिए उन्होंने नौकरी छोड़कर सेब के इस बगीचे में कई प्रकार के सेब लगाए हैं। इनमें गोल्डन, अन्ना, हरीमन, द्वारफसेठ हैं। इसके अलावा प्लम, आड़ू, खुमानी, तेजपत्ता, लॉन्ग, इलायची व अन्य किस्म के और भी पौधे लगाए हैं।
हरीश ने बताया कि 3 साल पहले यह सेब के पौधे लगाए थे। अब इनमें फल आने शुरू हो गए हैं। हालांकि, हिमाचल में सेब की खेती करना मुश्किल काम है, क्योंकि यह ठंड में होने वाली फसल है, लेकिन अब यह गर्म इलाकों में भी सेब की पैदावार होने लगी है। उन्होंने कहा कि काफी लोग इस बगीचे को देखने भी आ रहे हैं। इस बगीचे को देखकर कई किसानों ने अपनी जमीनों पर भी कई प्रकार के सेब लगा दिए हैं और अपनी कमाई का साधन भी बनाने लगे।