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कोरोना वायरस: शराब, केरोसिन व पानी के घोल से सैनिटाइज कर दीं कई पंचायतें

Sat, 18 Apr 2020 10:40 AM IST
Krishan Singh विपिन काला, अमर उजाला, शिमला
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वीरेंद्र कंवर, ग्रामीण विकास एवं पंचायतीराज मंत्री 
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हिमाचल में कोरोना संक्रमण को रोकने की आड़ में पंचायतों में किए गए घपलों की पोल खुलने लगी है। जिला ऊना की कई पंचायतों में सैनिटाइजेशन के नाम पर पानी, केरोसिन और शराब से बने घोल का ही छिड़काव कर दिया गया। इसका खुलासा तब हुआ, जब बिल पास करवाने के लिए पंचायत प्रधान सरकार के पास पहुंचे। मामले की जांच करने के बाद सरकार ने पंचायत प्रधानों से सैनिटारइजेशन के लिए किस घोल का इस्तेमाल करने की बात पूछी तो वे ये बताने में असमर्थ रहे। प्रदेश की कई पंचायतों के प्रधान सरकार से सैनिटाइजेशन के नाम पर बिल मंजूर करवाने की फिराक में थे तो कुछ पंचायतों की आय से धनराशि खर्च करना चाह रहे थे।

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कई कह रहे थे कि उन्होंने पंचायतों के जमा फंड से सैनिटाइजेशन का काम कराया है। अब इन्हें बिलों का भुगतान किया जाए। ऐसे मामले सामने आने के बाद सरकार ने अपने स्तर पर जांच करवाई तो कई प्रधान यह बताने में विफल रहे कि उन्होंने पंचायतों में सैनिटाइजेशन के लिए किस घोल का इस्तेमाल किया। यह सैनिटाइजर कहां से उपलब्ध कराया गया। छिड़काव से पहले क्या स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को विश्वास में लिया गया। इन सवालों का सरकार को जब कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला। इस पर सरकार ने पंचायतों को अपने स्तर पर सैनिटाइजेशन के कार्य पर रोक लगा दी है।

 पंचायतों में सैनिटाइजेशन के नाम पर प्रधान बिल पास कराना चाह रहे थे। उनसे पूछा गया कि छिड़काव में क्या इस्तेमाल किया तो संतोषजनक जवाब नहीं दे पाए। कई पंचायतों में छिड़काव करने वाले कर्मियों से पूछताछ की कई तो उन्होंने कहा कि छिड़काव में पानी, मिट्टी तेल और शराब का इस्तेमाल किया गया है। सरकार ने पंचायतों को खुद सैनिटाइज करने पर रोक लगा दी है। - वीरेंद्र कंवर, ग्रामीण विकास एवं पंचायतीराज मंत्री 

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