हिमाचल प्रदेश कैबिनेट की बैठक सोमवार को मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की अध्यक्षता में विधानसभा में आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न विभागों में पदों को भरने के अलावा कई अन्य बड़े फैसले लिए गए हैं। कैबिनेट ने शिक्षा विभाग में मल्टी टास्क वर्करों के आठ हजार पदों को एसडीएम की अध्यक्षता वाली कमेटी के माध्यम से भरने का भी बैठक में फैसला हुआ है। मल्टी टास्क वर्करों की मेरिट आधार पर भर्ती होगी। नियम 18 के तहत मुख्यमंत्री की अनुशंसा पर अब इनके पद नहीं भरे जाएंगे। हाईकोर्ट में मामला जाने के बाद सरकार ने मुख्यमंत्री की अनुशंसा पर भर्ती ना करने का फैसला लिया था। हालांकि नियम 18 के तहत भर्ती के लिए पात्र आवेदकों को प्राथमिकता मिलेगी। दिव्यांग, एकल नारी, अनाथ बच्चों को इसमें शामिल किया जाएगा। भर्ती प्रक्रिया के लिए अंक निर्धारण की नई अधिसूचना जल्द जारी होगी। स्कूलों में करीब 300 वर्कर मुख्यमंत्री की अनुशंसा पर नियम 18 के तहत हुई भर्ती के तहत नियुक्त भी कर दिए गए हैं।
मल्टी टास्क वर्करों को करना होगा ये काम
इनकी नियुक्तियां नए फैसले से प्रभावित नहीं होगी। मल्टी टास्क वर्करों का काम स्कूल को खोलना और बंद करना, परिसर और कक्षाओं में सफाई करना, पीने के पानी का इंतजाम करना और स्कूल की डाक को अन्य विभागों में पहुंचाना होगा। वहीं, प्रदेश के स्कूलों-कॉलेजों में पढ़ने वाले 20 हजार मेधावियों का बीते दो से तीन वर्षों से किया जा रहा लैपटॉप का इंतजार अब खत्म हो गया है। प्रदेश सरकार ने शिक्षा विभाग को शैक्षणिक सत्र 2018-19 और 2019-20 के लिए लैपटॉप खरीदने को अतिरिक्त बजट देने को मंजूरी दे दी है। प्रदेश सरकार सत्ता में आने के बाद से अभी मेधावियों को लैपटॉप नहीं दे सकी है। पहले खरीद प्रक्रिया विवादित होने और बाद में बजट की कमी के चलते मामला लटक गया था। अब मंत्रिमंडल ने शिक्षा विभाग को अतिरिक्त बजट देने की मंजूरी दे दी है। वर्ष 2020-21 से मेधावियों को हिमाचल प्रदेश सरकार स्मार्ट मोबाइल फोन ही देगी। राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में यह फैसला लिया गया है।
200 पदों को भरने की मंजूरी
विभिन्न सरकारी विभागों में 200 पदों को भरने और बीडीओ के पद पदोन्नति के आधार पर भरने की भी मंजूरी दी गई है। नादौन, पावंटा और कंडाघाट शहरी निकाय डेवलपमेंट प्लान को हरी झंडी दी गई है। बैठक में रोजगार की गारंटी देने के विधेयक के ड्राफ्ट पर भी चर्चा हुई है।
सीएम ग्रामीण आवास योजना के तहत 1300 आवास बनाने की मंजूरी
सीएम ग्रामीण आवास योजना के तहत करीब 1300 नए आवासों को बनाने की भी मंजूरी दी गई है। बाढ़ और बरसात से मकान बह जाने की स्थिति में एक लाख 30 हजार रुपये देने का निर्णय लिया गया है।
दुकानदारों के कूड़े का पैसा सरकार करेगी वहन
राज्य सरकार ने नगर निगम की परिधि में दुकानदारों को राहत दी है। कोरोना के समय में दुकानें बंद रही हैं। ऐसे में इनसे कूड़े के बिल का पैसा नहीं लिया जाएगा। प्रदेश सरकार नगर निगम को यह राशि वहन करेगी। मंत्रिमंडल की बैठक में कोरोना काल के दो सालों का बिल माफ किया गया है। इससे हजारों दुकानदारों को फायदा होगा। राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में शिमला डेवलपमेंट प्लान पर भी चर्चा हुई है। हालांकि अभी इसके लिए सरकार की ओर से आपत्ति और सुझाव मांगे जा रहे हैं। इसमें सात दिन का समय शेष है। इसके बाद इस प्लान को विधि विभाग की मंजूरी के लिए भेजा जाना है।