कोरोना वायरस से बचाव के लिए प्रदेश में लगे कर्फ्यू के दौरान छह साल तक के बच्चों और गर्भवती महिलाओं को हिमाचल सरकार घर पर राशन पहुंचाएगी। पंजीकृत लाभार्थियों तक राशन पहुंचाने के लिए सरकार ने टेक होम राशन योजना शुरू की है। इस योजना के तहत आंगनबाड़ी कार्यकर्ता पंजीकृत लाभार्थियों के घर जाकर उन्हें पोषक आहार उपलब्ध करवाएंगे। टेक होम राशन छह महीने से छह वर्ष की आयु के बच्चों, गर्भवती महिलाओं, स्तनपान करवाने वाली माताओं और स्कूल न जाने वाली 11 से 14 वर्ष की किशोरियों को दिया जा रहा है।
निदेशालय, महिला एवं बाल विकास के प्रवक्ता ने बताया कि निदेशालय ने जिला कार्यक्रम अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि टेक होम राशन सभी पंजीकृत लाभार्थियों को दिया जाए। प्रवासी श्रमिकों के बच्चों, गर्भवती महिलाओं व स्तनपान करवाने वाली माताओं का विशेष रूप से ध्यान रखा जाए। सभी आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को संबंधित जिला कार्यक्रम अधिकारियों के माध्यम से यह भी निर्देश दिए गए हैं कि आंगनबाड़ी केंद्रों में प्रवासी श्रमिकों के बच्चों, गर्भवती महिलाओं और स्तनपान करवाने वाली माताओं का बिना किसी देरी से आंगनबाड़ी केंद्रों में पंजीकृत करें और सभी नए पंजीकृत प्रवासी लाभार्थियों को टेक होम राशन का वितरण सुनिश्चित किया जाए। सभी पंजीकृत लाभार्थियों को टेक होम राशन सुनिश्चित बनाने के निर्देश दिए हैं।