बोले, तीन सालों नहीं हो रही हैं शिक्षकों की पदोन्नतियां डीए के साथ लंबित एरियर जारी करें विवि प्रबंधन संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय शिमला में लंबित पदोन्नति और वित्तीय देनदारियों को लेकर शिक्षक कल्याण संघ (हपुटवा) ने बुधवार को कुलपति प्रो. महावीर सिंह को ज्ञापन सौंपा।
संघ ने कॅरिअर उन्नयन योजना के तहत साक्षात्कार तत्काल करवाने, 13 प्रतिशत महंगाई भत्ते की राशि बकाया जारी करने और यूजीसी वेतनमान से जुड़े लंबित एरियर का भुगतान प्राथमिकता से करने की मांग उठाई। हपुटवा अध्यक्ष प्रो. नितिन व्यास ने कहा कि प्रदेश सरकार ने महाविद्यालय और विश्वविद्यालय शिक्षकों के कैस प्रमोशन (कैरियर एडवांसमेंट स्कीम) तीन वर्षों से रोके हुए हैं जिससे शिक्षकों में गहरी निराशा है।
उन्होंने सवाल उठाया कि जब अन्य विभागों में नियमित पदोन्नतियां हो रही हैं तो शिक्षकों को इससे वंचित क्यों रखा जा रहा है। महासचिव डॉ. अंकुश भारद्वाज ने बताया कि यूजीसी 2010 और 2018 विनियमों के तहत लंबित साक्षात्कार शीघ्र आयोजित किए जाएं। ज्ञापन में शिक्षकों के लिए दो नए आवासीय भवनों के निर्माण, परीक्षा ड्यूटी मानदेय में वृद्धि, सहायक और सह आचार्यों को परीक्षा कार्य के दौरान निजी वाहन या टैक्सी उपयोग की अनुमति तथा संबंधित प्रतिपूर्ति का प्रावधान करने की मांग भी शामिल है।संघ ने 13 प्रतिशत डीए के बकाया, यूजीसी 2016 वेतनमान के एरियर, शैक्षणिक कैलेंडर में बिना पूर्व सूचना बदलाव और न्यायालय में लंबित प्रकरण के बावजूद तीन शिक्षकों के तबादले पर भी आपत्ति दर्ज कराई। संघ पदाधिकारियों ने उम्मीद जताई कि कुलपति स्तर पर इन मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय लिया जाएगा अन्यथा शिक्षक समुदाय आगे की रणनीति तय करेगा।