बुधवार को द्रंग से भाजपा विधायक जवाहर ठाकुर द्वारा नियम 61 के तहत उठाए गए मामले पर उद्योग मंत्री विक्रम ठाकुर ने यह जानकारी दी। उद्योग मंत्री ने बताया कि मंडी में लक्ष्मी स्टोन क्रशर चलाने की अनुमति साल 2009 में समाप्त हो चुकी थी।
इसके बाद भी यह स्टोन क्रशर अवैध तरीके से बीच-बीच में चलता रहा। खनन विभाग के अधिकारियों ने सात अक्तूबर 2010, 29 अप्रैल 2010, 22 जुलाई 2011, 19 जुलाई 2012 और चार जुलाई 2014 को चालान कर न्यायालय में दायर किए।
इन चालानों का निपटारा करते हुए न्यायालय ने स्टोन क्रशर मालिक के खिलाफ चार हजार रुपये की जुर्माना राशि लगाई।
उधर, साल 2009 से 14 अगस्त 2017 तक बिना अनुमति खनन करने पर स्टोन क्रशर मालिक के खिलाफ दो करोड़ नब्बे लाख आठ हजार रुपये का जुर्माना किया गया है। वसूली के लिए आगामी कार्रवाई जारी है। वर्तमान में यह स्टोन क्रशर बंद है।