एक समान मुआवजे की मांग को लेकर बद्दी-चंडीगढ़ रेल लाइन का काम रोककर आंदोलन कर रहे किसानों के साथ सीपीएस राम कुमार व उपायुक्त मनमोहन शर्मा ने बैठक की। बैठक में फैसला लिया गया है कि 16 जनवरी को सीपीएस राम कुमार के नेतृत्व में प्रभावित किसान सीएम सुखविंद्र सिंह सुक्खू से मिलेंगे। सीपीएस और उपायुक्त के आश्वासन के बाद किसानों ने आंदोलन चार माह के लिए स्थगित कर दिया है। अगर चार माह तक इसका फैसला नहीं होता है तो चार माह के बाद दोबारा आंदोलन शुरू कर काम रोक दिया जाएगा। शनिवार से रेलवे दोबारा अपना कार्य शुरू कर देगा।
नंबरदार चरणदास व संडोली पंचायत के पूर्व प्रधान भाग सिंह ने उपायुक्त मनमोहन शर्मा को बताया कि बद्दी के 9 गांतों की जमीन रेलवे लाइन में आई है। उस दौरान जमीन के जो औसत रेट चल रहे थे उसके कहीं कम पैसा किसानों को दिया गया। रेट 2400 रुपये प्रति वर्ग मीटर का था लेकिन उन्हें 900 रुपये दिया गया। सीपीएस राम कुमार ने कहा कि पिछले भाजपा सरकार ने किसानों के साथ अन्याय किया है। उन्होंने अपने कार्यकाल में 90 लाख रुपये बीघा का रेट फाइनल किया था और रेलवे विभाग भी उसे देने को तैयार था लेकिन किसान विरोधी पिछली सरकार ने जानबूझ कर किसानों को सात लाख रुपये बीघा रेट दिया।
जो बाजार से भी कहीं ज्यादा कम है। उन्होंने तहसीलदार को भी इसका खाका तैयार करने को कहा है। उन्होंने उपायुक्त को किसानों की मांगों से अवगत कराया है। 16 जनवरी को उनके नेतृत्व में किसानों का एक प्रतिनिधिमंडल सीएम से मिलेगा और एक समान रेट को लेकर उनसे आग्रह किया जाएगा। बैठक में उपायुक्त सोलन के आश्वासन के बाद किसानों ने दोबारा कार्य शुरू करवा दिया है। बैठक में किसान चरणदास, पूर्व प्रधान भाग सिंह कुंडलस, बेअंत ठाकुर, पूर्व प्रधान रामेश्वर दास, सिमरनजीत सिंह कुंडलस, बरयाम सिंह, भूपेंद्र सिंह, मोहन, शंकर, संजीव कुमार, समेत दर्जनों किसानों ने भाग लिया।