हिमाचल सरकार प्रदेश में 16 बस अड्डों का विस्तार करने जा रही है। अब हर बस अड्डे पर 35 से अधिक बसें खड़ी होंगी। अड्डों पर बुकिंग क्लर्क के साथ अड्डा इंचार्ज भी तैनात होंगे। सरकार की योजना के मुताबिक अड्डों पर व्यावसायिक परिसर बनेंगे और छोटी गाड़ियों के लिए भी पार्किंग का निर्माण होगा। प्रदेश सरकार ने इसके लिए टेंडर आमंत्रित कर दिए हैं।
ये बस अड्डे पीपीपी मोड पर बनेंगे। बस अड्डा प्राधिकरण ने इसके लिए कंपनियों से आवेदन मांगे हैं। कंपनियां 25 अप्रैल को 3 बजे तक क्षेत्रीय निगम प्रबंधक कार्यालय में आवेदन कर सकेंगे। इसी दिन 4 बजे तक टेंडर खोले जाएंगे। परिवहन निगम से मिली जानकारी के मुताबिक बद्दी, भोरंज, बिलासपुर, हमीरपुर, कुल्लू, लक्कड़ बाजार, नाहन, नालागढ़, नूरपुर, पांवटा साहिब, परवाणू, धर्मशाला, चिंतपूर्णी और पालमपुर शामिल हैं।
अभी 10 से 15 बसें होती खड़ी
अभी बस अड्डों पर 20 से अधिक बसें एक साथ खड़ी नहीं हो सकती हैं। लोकल रूटों पर चलने वाली बसों को अड्डों पर खड़ा होने की बजाय सीधे भेजना पड़ता है। सवारियों को भी निर्धारित समय पर बसें उपलब्ध नहीं होती। ऐसे में प्रदेश सरकार ने अड्डों का विस्तार के साथ आधुनिक तकनीक से बनाने का फैसला लिया है।
परिवहन मंत्री जीएस बाली का कहना है कि हिमाचल के बस अड्डों का विस्तार होगा। अड्डों पर ज्यादा से ज्यादा बसें खड़ी होंगी। अड्डों का विस्तार करने के लिए कंपनी से टेंडर आमंत्रित कर दिए हैं। कोशिश है कि मई महीने से अड्डों का निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा।