बल्ह क्षेत्र में एक 63 वर्षीय महिला की उम्र वोटर लिस्ट में 83 साल दर्शा दी गई है। घर वालों को भी तब पता चला, जब क्षेत्र की आंगनबाड़ी कार्यकर्ता घर में डिटेल लेने पहुंची कि पार्वती देवी को वोट डालने बूथ आना है या घर से वोट देना है। हालांकि, महिला के आधार कार्ड में उम्र सही दर्शाई गई है। इस बात से पता लगाया जा सकता है कि वोटर लिस्ट तैयार करती बार चुनाव विभाग कितनी लापरवाही से कार्य करता है।
महिला की उम्र 20 वर्ष अधिक दर्शाई गई है। यह घटना बल्ह क्षेत्र के गागल के गांव छपरोल डाकघर कुम्मी की है। पार्वती देवी पत्नी पदम देव सिंह की आधार कार्ड और अन्य पहचान पत्रों में जन्मतिथि 16 दिसंबर, 1958 है, लेकिन वोटर कार्ड महिला की जन्मतिथि 1938 दर्शाई गई है। महिला और उनके परिजनों ने पूछा है कि इतनी बड़ी गलती का कौन जिम्मेवार है? पार्वती देवी ने बताया कि आजकल वोटर कार्ड की कई कार्यों के लिए जरूरत पड़ती है। ऐसे में इसमें उम्र अधिक दर्शाए होने के कारण कार्य करवाने में परेशानी आ सकती है। उन्होंने चुनाव विभाग से इस तरह की गलती न करके इसमें सुधार लगाने का आग्रह किया है।