मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने विशेष नशा निवारण हेल्पलाइन का शुभारंभ किया। इसका उद्देश्य ड्रग्स पर निर्भर हो चुके मरीजों और ड्रग्स प्रभावितों के माता-पिता, अभिभावकों का जरूरी मार्गदर्शन करना और उन्हें परामर्श मुहैया करवाना है।
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने गुरुवार को मुख्यमंत्री सेवा संकल्प हेल्पलाइन 1100 के तहत विशेष नशा निवारण हेल्पलाइन का शुभारंभ किया। इसका उद्देश्य ड्रग्स पर निर्भर हो चुके मरीजों और ड्रग्स प्रभावितों के माता-पिता, अभिभावकों का जरूरी मार्गदर्शन करना और उन्हें परामर्श मुहैया करवाना है। मुख्यमंत्री ने हिमाचल प्रदेश नशा निवारण बोर्ड की अधिकारिक वेबसाइट का भी शुभारंभ किया। इसमें बोर्ड के विजन और भविष्य में प्राप्त किए जाने वाले लक्ष्यों की जानकारी दी गई है।
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जयराम ने कहा कि यह हेल्पलाइन नशे पर निर्भर हो चुके मरीजों, उनके माता-पिता को शिमला में हिमाचल प्रदेश नशा निवारण बोर्ड और स्टेट मेंटल हेल्थ अथॉरिटी के नोडल अधिकारियों से जोड़ेगी। नशे से छुटकारा पाने के लिए सरकार स्टेट इंटिग्रेटेड ड्रग प्रिवेंशन पॉलिसी लाने पर विचार कर रही है। कहा कि पड़ोसी राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ वार्ता के दौरान इस मसले को उठाया गया है। इसको लेकर कार्य योजना भी बनाई।
वर्तमान सरकार के कार्यकाल में पड़ोसी राज्यों, केंद्र सरकार और दक्षिण एशिया के लिए युनाइटेड नेशन के ऑफिस ऑन ड्रग्स एंड क्राइम जैसे अंतरराष्ट्रीय संगठनों के साथ मिलकर ड्रग्स की समस्या पर काम कर रही है। बोर्ड के संयोजक और सलाहकार ओम प्रकाश शर्मा ने मुख्यमंत्री को नशा निवारण बोर्ड के कार्यों की रिपोर्ट सौंपी। आयुक्त राज्य कर एवं आबकारी, सदस्य सचिव नशा निवारण बोर्ड यूनुस ने मुख्यमंत्री का स्वागत किया। विशेष सचिव राज्य कर एवं आबकारी निवेदिता नेगी तथा बोर्ड के गैर सरकारी सदस्य भी उपस्थित थे।