ऊना जिले में स्नेक बाइट के मामले बढ़ जाते हैं। ऐसे में लोगों को बरसात के दौरान खेतों व अन्य स्थानों पर काम करने के दौरान विशेष रूप से सावधानी बरतनी चाहिए।
बरसात के दौरान ऊना जिले में स्नेक बाइट के मामले बढ़ जाते हैं। ऐसे में लोगों को बरसात के दौरान खेतों व अन्य स्थानों पर काम करने के दौरान विशेष रूप से सावधानी बरतनी चाहिए। इस संबंध में शनिवार को डीएफओ ऊना सुशील राणा ने जारी प्रेस बयान में सतर्क रहने की अपील की है। उन्होंने कहा कि ऊना जिले में विशेष रूप जहरीले सांपों की चार प्रजातियां पाई जाती हैं। कहा कि बरसात के दौरान सांप के डसने के मामले इस कारण बढ़ जाते हैं, क्योंकि बारिश होने के कारण सांपों के बिलों में पानी भर जाता है। साथ ही बरसात में मेंढकों की संख्या भी अधिक रहती है।
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ऐसे में इनके शिकार के लिए सांप खेतों, तालाब आदि के समीप अधिक देखने को मिलते हैं। ऊना में किंग कोबरा, रसल वाइपर, क्रेट व विट वाइपर के प्रजातियों के जहरीले सांप पाए जाते हैं। उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि इनसे बचने के लिए सतर्क रहने की बहुत जरूरत है। कहा कि यह सांप घरों के कोनों में छिपकर भी बैठे रहते हैं। सांप के डसने पर मरीज को तुरंत अस्पताल लेकर जाएं ताकि उसे समय रहते एंटी स्नेक वीनम वैक्सीन लगाई जा सके।