मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह और परिवहन मंत्री जीएस बाली के बीच चल रही खटपट सुलझ गई है। पिछले कुछ दिन से दोनों ओर से चली जुबानी जंग के बाद बाली नाराज बताए जा रहे थे। सचिवालय में दोनों के बीच बैठक हुई। सूत्रों के अनुसार दो घंटे से अधिक लंबी मुलाकात के बाद गिले शिकवे दूर हो गए हैं।
बाली 18 सितंबर को कैबिनेट बैठक से गैरहाजिर रहने की बात कर रहे थे लेकिन अब बताया जा रहा है कि वे बैठक में मौजूद रहेंगे। मुख्यमंत्री और बाली के बीच तकरार कोई नई बात नहीं है, लेकिन इस बार मामला सोशल साइट्स पर भाजपा प्रत्याशियों की फर्जी सूची से बिगड़ा।
फर्जी सूची में बाली को भाजपा का प्रत्याशी दिखाया गया, जिस पर उन्होंने कहा कि भविष्य की संभावनाओं पर कुछ नहीं कहा जा सकता। बाली के बोल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि वे भाजपा में जाना चाहते हैं तो जाएं।