इलेक्ट्रॉनिक्स और प्लास्टिक के सामान के बाद अब चीन के राजमा ने भी हिमाचल में दस्तक दे दी है। सस्ता और जायकेदार होने के चलते बाजार में इसकी खूब डिमांड है। लोग इसे धड़ाधड़ खरीद रहे हैं। बाजार में सूबे का देशी राजमा 120 रुपये प्रतिकिलो की दर से बिक रहा है जबकि चीनी राजमा 40 रुपये प्रति किलो के हिसाब से मिल रहा है।
सस्ते और उम्दा चीनी राजमा की बढ़ती मांग ने प्रदेश के पांच बड़े राजमा उत्पादक जिलों के किसानों की चिंता बढ़ा दी है। राजमा उत्पादन के लिए हिमाचल के कुल्लू, किन्नौर, लाहौल, चंबा, शिमला और सिरमौर जिले मशहूर हैं। चंबा और किन्नौर का राजमा अपने स्वाद के लिए जाना जाता है। हिमाचल ही नहीं उत्तर भारत में इसकी डिमांड रहती है।
अटल और बिग-बी के भी फेवरेट राजमां
ऐसे में चीनी राजमा की दस्तक सचमुच चौंकाने वाली है। तीन गुना कम रेट होने के चलते कृषि विशेषज्ञ इसे भारतीय किसानों के लिए बड़ा खतरा बता रहे हैं। कुल्लू में आजकल लगभग हर रसोई में चीन का चितरा राजमा पक रहा है। शादी-समारोह में भी लोग इसे तरजीह दे रहे हैं। कुल्लू सचिवालय में कैंटीन चला रहे राकेश कुमार का कहना है कि वे चीनी राजमा ही पका रहे हैं।
एक तो दाम तीन गुना कम और स्वाद भी अच्छा है। अटल और बिग-बी के ये फेवरेट राजमा हैं। पूर्व प्रधानमंत्री अटल विहारी वाजपेयी जब भी अपने दूसरे घर मनाली के प्रीणी आते थे तो वे ट्राउट के अलावा कुल्लू के राजमा भी जरूर खाते थे। वहीं बॉलीवुड के महानायक बिग-बी भी के ये फेवरेट राजमा हैं।
चीनी राजमा की दस्तक चिंतनीय
प्रीणी के प्रधान ठाकुर दास का कहना है कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल विहारी वाजपेयी की थाली में राजमा की एक डिश जरूर होती थी। अमिताभ बच्चन भी जब मनाली में शूटिंग के लिए आए तो यहां के राजमा चावल की तारीफ करते थे। कृषि विभाग के उपनिदेशक राजेंद्र भारद्वाज ने कहा कि चीनी राजमा की दस्तक चिंतनीय है।
इससे सीधा असर पहले ही तंगहाली में जी रहे किसानों पर पड़ेगा। आने वाले समय में इसके गंभीर परिणाम देखने को मिलेंगे। तीन गुना कम दाम से लोकल मार्केट धराशायी हो जाएगी। पहले ही चीन भारत में अपने हजारों प्रोडक्ट बेच रहा है और अब इस तरह के कृषि उत्पाद बेचने से भारतीय किसान को काफी नुकसान होगा।