घाटी के अधिष्ठाता देवता बिजली महादेव तीन माह बाद स्वर्ग प्रवास से लौटेंगे। देवता के स्वर्ग प्रवास से लौटने के बाद ही चैत्र संक्रांति के दिन मंदिर के कपाट खुलेंगे। इस दिन बिजली महादेव मंदिर में फागली उत्सव का आयोजन किया जाता है। फागली में देवता सालभर होने वाली घटनाओं की भविष्यवाणी करेंगे।
घाटी के लोगों तथा हारियानों में देवता के स्वर्ग प्रवास से लौटने पर खुशी की लहर है। क्षेत्र के दूसरे देवता एक माह पूर्व फाल्गुन संक्रांति को स्वर्ग प्रवास से लौटते हैं, लेकिन बिजली महादेव तीन माह बाद ही दर्शन देते हैं। देवता के स्वर्ग प्रवास से लौटने पर विशेष पूजा अर्चना की जाएगी।
वहीं, फागली उत्सव में देवता की ओर से सभी परंपराओं का निर्वहन किया जाएगा। बिजली महादेव के हारियान गोपाल ठाकुर, रविंद्र सिंह, खीमी राम, ज्ञान चंद आदि ने कहा कि हारियानों में देवता के स्वर्ग प्रवास से लौटने को लेकर भारी उत्साह है। देवता का स्वर्ग प्रवास में हारना क्षेत्र में फसल के लिए शुभ माना जाता है। जबकि, जीतकर आने पर कई विनाशकारी परिणाम भी आते हैं।
वहीं, बिजली महादेव के कारदार अमरनाथ और पुजारी तीर्थ राम शर्मा ने कहा कि चैत्र संक्रांति पर बिजली महादेव में फागली उत्सव का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान देवता गूर के माध्यम से सालभर घटित होने वाली घटनाओं की भविष्यवाणी भी करेंगे। उन्होंने कहा कि देवता के दर्शन के लिए बिजली में लोगों की भीड़ उमडे़गी।