हिमाचल के अस्पतालों में ऑक्सीजन प्लांट के अलावा सिलेंडर की खरीद में घोटाले का आरोप लगा है। आईजीएमसी, केएनएच सहित प्रदेश के अन्य अस्पतालों में ऑक्सीजन घोटाले के आरोप भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता गणेश दत्त ने लगाए हैं।
उन्होंने पूरे मामले में सीबीआई जांच की मांग की है। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग ने एक व्यक्ति विशेष को लाभ देने के लिए आईजीएमसी में ऑक्सीजन प्लांट को बीओडी के बजाय बिल्ट ऑपरेट रिमूव आधार पर दिया है। इसमें प्लांट 15 साल तक चलाया जा सकता है।
इसे बाद कंपनी अपनी मशीनरियां उठा कर ले जा सकती हैं। इससे साफ है कि किसी व्यक्ति विशेष को लाभ देने के लिए इस तरह के कार्य को अंजाम दिया गया है। उन्होंने प्रेसवार्ता में आरोप लगाया कि आईजीएमसी और प्रदेश के अन्य अस्पतालों में पिछले 15 सालों से एक ही कंपनी को ऑक्सीजन सिलेंडर की सप्लाई का ठेका दिया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि उक्त कंपनी को रोगी कल्याण समिति शिमला के माध्यम से आईजीएमसी और कमला नेहरू अस्पताल के लिए ऑक्सीजन सिलेंडर सप्लाई करने के टेंडर दिए गए थे, टेंडर के दौरान तीन कंपनियों ने भाग लिया था।
आरोप लगाया है कि इसमें जो दो कंपनियां थीं, उनके दस्तावेजों में खामियां थे। यह सब योजनाबद्ध था ताकि उक्त कंपनी को ठेका दिया जा सके। कंपनी आरकेएस का हवाला देकर टांडा के अलावा अन्य अस्पतालों में भी ऑक्सीजन की सप्लाई कर रहा है।