राजधानी में लगने वाले जाम से राहत दिलाने के लिए सरकार एक बड़ा प्रोजेक्ट शुरू करने जा रही है। यह सरकार के हिमाचल के भीड़भाड़ वाले शहरों को जाम से निजात दिलाने वाले एक प्रोजेक्ट का ही हिस्सा होगा। इसके लिए सरकार टनल बनाने का प्रस्ताव तैयार कर रही है। शिमला का प्रस्ताव तैयार है, धर्मशाला, मंडी और कुल्लू में टनल बनाने के लिए निकायों से प्रस्ताव मांगे जा रहे हैं।
शिमला में हिमफेड के पेट्रोल पंप से इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज (आईजीएमसी) और लिफ्ट के लिए टनल का निर्माण होगा। हिमफेड से एक टनल गुजरेगी आगे जाकर बीच से इस टनल से एक रास्ता आईजीएमसी और दूसरा लिफ्ट के लिए निकलेगा। प्रदेश सरकार का मानना है कि इन टनलों के निर्माण से जहां 7 किलोमीटर का सफर कम होगा वहीं शिमला में लगने वाले जाम से भी वाहन मालिकों को निजात मिलेगी।
हालांकि प्रदेश सरकार ने पहले भी शिमला में 6 टनल के लिए प्रस्ताव तैयार किए थे। बाकायदा इसको लेकर टीम ने मौके का जायजा भी लिया लेकिन यह योजना सिरे नहीं चढ़ पाई। अब सरकार इन टनलों को सिरे चढ़ाने की औपचारिकताओं को पूरा करने में दोबारा जुट गई है।
सरकार का मानना है कि मंडी शहर, धर्मशाला और कुल्लू शहरों में जाम की स्थिति पैदा हो रही है। ऐसे में यहां भी टलन बनाने पर विचार किया जा रहा है। शिमला शहर में हर रोज जाम की स्थिति रहती है। ऐसे में अगर टनल का यह प्रस्ताव सिरे चढ़ता है तो यातायात जाम की समस्या पूरी तरह खत्म हो जाएगी। शहर के भीतर वाहनों की संख्या अधिक होने से सुबह और शाम के वक्त लोगों को जाम की समस्या से दोचार होना पड़ता है।
टनल का तैयार है प्लान
शिमला में प्रतिदिन जाम से निजात पाने के लिए टनल का निर्माण किया जाना है। शिमला का प्लान तैयार है। अन्य शहरों मे जहां भीड़ भाड़ वाले शहर है वहां भी जाम से निजात दिलाने को टनल का निर्माण किया जाना प्रस्तावित है। - राम सुभग सिंह, एसीएस पर्यटन व शहरी विकास विभाग