मुख्यमंत्री स्वावलंबन योजना का प्रदेश सरकार ने दायरा बढ़ा दिया है। कैबिनेट ने 35 साल की अधिकतम आयु को बढ़ाकर 45 साल कर दिया है। प्रदेश में औद्योगिक विकास बढ़ाने और स्वरोजगार के अवसर पैदा करने के लिए मुख्यमंत्री स्वावलंबन योजना शुरू की गई है। योजना के तहत 40 लाख के ऋण पर 25 फीसदी से 30 फीसदी की दर से पूंजी अनुदान दिया जा रहा है।
बैंक ऋण पर पांच फीसदी की दर से तीन साल के लिए ब्याज अनुदान मिलेगा। निजी भूमि क्रय करने पर स्टांप ड्यूटी की दर केवल तीन फीसदी रहेगी। उद्योग की स्थापना के लिए औद्योगिक क्षेत्रों/बस्तियों में 25 फीसदी की दर से भूमि आवंटन होगा। योजना के तहत युवा अपनी रुचि, हुनर, निवेश क्षमता, तकनीकी ज्ञान, अनुभव तथा मार्केटिंग संभावना के आधार पर यह तय कर सकेंगे कि क्या व्यवसाय शुरू करना है।